Edited By Mansa Devi,Updated: 29 Jan, 2026 06:06 PM

केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने बृहस्पतिवार को कहा कि आने वाले समय में भारत की अर्थव्यवस्था के विकास में अंतरिक्ष क्षेत्र की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होगी। प्रधानमंत्री कार्यालय में राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह ने राज्यसभा में प्रश्नकाल के दौरान पूरक...
नेशनल डेस्क: केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने वीरवार को कहा कि आने वाले समय में भारत की अर्थव्यवस्था के विकास में अंतरिक्ष क्षेत्र की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होगी। प्रधानमंत्री कार्यालय में राज्य मंत्री जितेंद्र सिंह ने राज्यसभा में प्रश्नकाल के दौरान पूरक प्रश्नों का उत्तर देते हुए कहा कि विदेशी उपग्रहों के प्रक्षेपण से मिलने वाला राजस्व लगातार बढ़ा है। उन्होंने बताया कि भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) द्वारा अब तक प्रक्षेपित किए गए 434 विदेशी उपग्रहों में से 399 उपग्रहों का प्रक्षेपण 2014 के बाद किया गया, जब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कार्यभार संभाला।
सिंह ने कहा, “इसके परिणामस्वरूप भारत ने अब तक 32.3 करोड़ यूरो और 23.3 करोड़ अमेरिकी डॉलर की आय अर्जित की है। इसलिए संक्षेप में यह कहा जा सकता है कि आने वाले समय में भारत की आर्थिक वृद्धि में अंतरिक्ष क्षेत्र की अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका होगी। यह ऐसा क्षेत्र है, जो अब तक कुछ हद तक अछूता रहा है।” उन्होंने कहा कि अंतरिक्ष क्षेत्र को निजी क्षेत्र के लिए खोलना सरकार का एक क्रांतिकारी निर्णय रहा है, जिसका श्रेय प्रधानमंत्री मोदी को जाता है, जिन्होंने अतीत की कई वर्जनाओं को तोड़ा।
केंद्रीय मंत्री ने कहा, “आज भारतीय अंतरिक्ष अर्थव्यवस्था 8.4 अरब अमेरिकी डॉलर की है। अगले 10 वर्षों में इसके चार से पांच गुना बढ़कर 40-45 अरब अमेरिकी डॉलर तक पहुंचने की उम्मीद है। पहले हम एकल अंक वाले स्टार्टअप थे, जबकि आज हमारी संख्या 399 तक पहुंच गई है।” सिंह ने कहा कि भारत तेजी से “अंतरिक्ष विनिर्माण, अंतरिक्ष उद्यमिता और अंतरिक्ष अर्थव्यवस्था” के एक प्रमुख केंद्र के रूप में उभर रहा है।