अदालत का फैसला, बजट भाषण IDBI बैंक विनिवेश में नीति के क्रमिक विकास को दर्शाते हैं: मंत्रालय

Edited By Updated: 17 Oct, 2026 01:41 PM

court verdict and budget speech reflect the evolution of policy regarding

वित्त मंत्रालय ने शनिवार को कहा कि आईडीबीआई (निरसन) अधिनियम, 2003 का विधायी इतिहास, दिल्ली उच्च न्यायालय के एक फैसले और लगातार आम बजट भाषण से आईडीबीआई बैंक के रणनीतिक विनिवेश की दिशा में सरकार की नीति के क्रमिक विकास

नई दिल्लीः वित्त मंत्रालय ने शनिवार को कहा कि आईडीबीआई (निरसन) अधिनियम, 2003 का विधायी इतिहास, दिल्ली उच्च न्यायालय के एक फैसले और लगातार आम बजट भाषण से आईडीबीआई बैंक के रणनीतिक विनिवेश की दिशा में सरकार की नीति के क्रमिक विकास का पता चलता है। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने इस सप्ताह की शुरुआत में कनाडा की फेयरफैक्स फाइनेंशियल होल्डिंग्स को लगभग 53,000 करोड़ रुपए में आईडीबीआई बैंक की 60.72 प्रतिशत हिस्सेदारी बेचने को मंजूरी दी थी। यह सौदा भारत के वित्तीय क्षेत्र में अब तक का सबसे बड़ा विदेशी निवेश और देश के बैंकिंग निजीकरण अभियान में एक बड़ा मील का पत्थर है। 

आईडीबीआई बैंक में सरकारी हिस्सेदारी घटाने से संबंधित विधायी घटनाक्रमों पर एक स्पष्टीकरण में मंत्रालय ने कहा कि दिल्ली उच्च न्यायालय ने 17 दिसंबर, 2018 को फैसला सुनाया था कि आईडीबीआई (निरसन) अधिनियम, 2003 में आईडीबीआई बैंक लिमिटेड में सरकार की हिस्सेदारी कम करने पर कोई रोक नहीं है। 

उल्लेखनीय है कि आम बजट 2003 की चर्चाओं और आईडीबीआई (निरसन) अधिनियम, 2003 पर संसदीय बहस के दौरान सरकार ने एक संशोधन पेश किया था, जिसमें सरकारी हिस्सेदारी में कमी को सीमित करने की बात कही गई थी। हालांकि, यह संशोधन खारिज हो गया था और लागू कानून का हिस्सा नहीं बन सका था। इसके बाद, दिल्ली उच्च न्यायालय ने ऑल इंडिया आईडीबीआई ऑफिसर्स एसोसिएशन बनाम भारत संघ तथा अन्य मामले में 17 दिसंबर, 2018 को फैसला सुनाया कि ''आईडीबीआई निरसन अधिनियम, 2003 की भाषा में कोई अस्पष्टता नहीं है और उक्त अधिनियम में ऐसा कोई प्रावधान जोड़ने की कोई गुंजाइश नहीं है जो सरकार को आईडीबीआई लिमिटेड में अपनी हिस्सेदारी कम करने या बेचने से रोकता हो।'' 

संसद में लगातार पेश किए गए बजट भाषणों में भी आईडीबीआई बैंक के कायाकल्प और रणनीतिक विनिवेश को लेकर सरकार की नीति को दोहराया गया था। वित्त वर्ष 2016-17 के आम बजट में तत्कालीन वित्त मंत्री अरुण जेटली ने कहा था कि आईडीबीआई बैंक के कायाकल्प की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। उन्होंने कहा था, ''सरकार इसे आगे बढ़ाएगी और अपनी हिस्सेदारी को 50 प्रतिशत से नीचे लाने के विकल्प पर भी विचार करेगी।'' 

वित्त वर्ष 2021-22 के आम बजट में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा था कि सरकार ने कोविड-19 महामारी के बावजूद आईडीबीआई बैंक और अन्य सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों (पीएसयू) के रणनीतिक विनिवेश पर काम किया है। मंत्रालय ने कहा, ''आईडीबीआई (निरसन) अधिनियम, 2003 का विधायी इतिहास, दिल्ली उच्च न्यायालय का न्यायिक फैसला और सिलसिलेवार बजट भाषण सामूहिक रूप से आईडीबीआई बैंक के रणनीतिक विनिवेश के प्रति सरकार की नीति के विकास को दर्शाते हैं।'' 
 

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!