Edited By jyoti choudhary,Updated: 08 Apr, 2026 11:25 AM

भारतीय रिज़र्व बैंक के गवर्नर संजय मल्होत्रा (Sanjay Malhotra) ने बुधवार को FY27 के लिए भारत की ग्रोथ के नजरिए पर नए खतरों की ओर इशारा किया। उन्होंने चेतावनी दी कि होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में किसी भी तरह की रुकावट से महंगाई, व्यापार...
बिजनेस डेस्कः भारतीय रिज़र्व बैंक के गवर्नर संजय मल्होत्रा (Sanjay Malhotra) ने बुधवार को FY27 के लिए भारत की ग्रोथ के नजरिए पर नए खतरों की ओर इशारा किया। उन्होंने चेतावनी दी कि होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) में किसी भी तरह की रुकावट से महंगाई, व्यापार और कुल आर्थिक गतिविधियों पर तुरंत असर पड़ सकता है।
यह चेतावनी ऐसे समय आई है जब पश्चिम एशिया में अस्थायी सीजफायर के बाद कच्चे तेल की कीमतों में नरमी आई है और वैश्विक बाजारों में सकारात्मक माहौल देखने को मिल रहा है।
FY27 के लिए 6.9% ग्रोथ का अनुमान
आरबीआई ने FY27 के लिए भारत की जीडीपी वृद्धि दर 6.9% रहने का अनुमान जताया है। हालांकि, केंद्रीय बैंक का कहना है कि बाहरी जोखिम लगातार बढ़ रहे हैं और अनिश्चितता बनी हुई है।
होर्मुज बना सबसे बड़ा खतरा
दुनिया के सबसे अहम तेल मार्गों में से एक होर्मुज जलडमरूमध्य में किसी भी तरह की बाधा से कच्चे तेल की कीमतों में तेज उछाल आ सकता है। इससे भारत का आयात बिल बढ़ेगा और महंगाई पर दबाव आएगा। इसके अलावा, सप्लाई चेन पर असर, महंगे फ्रेट और बीमा लागत, तथा जरूरी आयात में बाधा जैसे कारक भी आर्थिक वृद्धि को प्रभावित कर सकते हैं।
बाजार खुश लेकिन RBI सतर्क
अमेरिका और ईरान के बीच दो हफ्तों के सीजफायर के बाद कच्चे तेल के दाम नरम हुए हैं और वैश्विक शेयर बाजारों में तेजी आई है लेकिन आरबीआई का नजरिया सतर्क बना हुआ है, क्योंकि तनाव फिर बढ़ने का खतरा अभी भी बना हुआ है।