Edited By Niyati Bhandari,Updated: 22 Apr, 2026 02:06 PM
Ganga Saptami 2026: गंगा सप्तमी 23 अप्रैल 2026 को मनाई जाएगी। जानें गुरु पुष्य योग का समय, सर्वार्थ सिद्धि योग और स्नान-दान के लिए सबसे सटीक शुभ मुहूर्त।
Ganga Saptami 2026: हिंदू धर्म में मां गंगा की महिमा अपरंपार है। इस वर्ष 23 अप्रैल 2026, गुरुवार को गंगा सप्तमी का महापर्व बड़े ही हर्षोल्लास के साथ मनाया जाएगा। इस बार की गंगा सप्तमी विशेष है क्योंकि इस दिन गुरु पुष्य योग के साथ-साथ पूरे दिन सर्वार्थ सिद्धि योग का दुर्लभ संयोग बन रहा है, जो भक्तों की हर मनोकामना पूर्ण करने वाला माना जाता है।

गंगा जन्मोत्सव का पौराणिक महत्व
गंगा सप्तमी का पर्व हर साल वैशाख महीने के शुक्ल पक्ष की सप्तमी तिथि को मनाया जाता है। इस साल 23 अप्रैल 2026 गुरुवार के दिन ये पर्व मनाया जाएगा। इस दिन माता गंगा का जन्म हुआ था। गंगा सप्तमी के दिन गंगा माता की पूरे विधि-विधान से पूजा की जाती है। गंगा सप्तमी के अवसर पर देवी गंगा के पूजन, व्रत, उपाय, दान व स्नान से सभी दुखों से मुक्ति मिलती है, रोगों का निवारण होता है व दुर्भाग्य दूर होता है।
23 अप्रैल को बन रहे हैं ये शुभ संयोग, इस दौरान करें स्नान-दान
सर्वार्थ सिद्धि योग: यह शुभ योग पूरे दिन प्रभावी रहेगा।
गुरु पुष्य योग: शाम 8 बजकर 57 मिनट से अगले दिन (24 अप्रैल) सुबह 5 बजकर 47 मिनट तक रहेगा
अमृत सिद्धि योग: यह भी शाम 8 बजकर 57 मिनट से प्रभावी होगा।

Shubh Muhurta शुभ मुहूर्त
पूजा और स्नान के लिए ये समय विशेष फलदायी हैं:
ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 04:20 से 05:04 तक।
अभिजित मुहूर्त: दोपहर 11:54 से 12:46 तक।
विजय मुहूर्त: दोपहर 02:30 से 03:22 तक।
अमृत काल: शाम 06:41 से रात 08:11 तक।
सावधानी: इन अशुभ समयों का रखें ध्यान

पर्व के दौरान कुछ समय ऐसे भी हैं जिनमें शुभ कार्य वर्जित होते हैं:
राहुकाल: दोपहर 01:58 से 03:36 तक।
भद्रा: शाम 08:49 से अगले दिन सुबह तक।
यमगंड: सुबह 05:48 से 07:26 तक।
उदया तिथि के अनुसार, पूरे दिन सप्तमी तिथि रहेगी, जिससे श्रद्धालु दिन भर श्रद्धा और भक्ति के साथ मां गंगा की पूजा कर सकते हैं।

Rashi Anusar Daan on Ganga Saptami गंगा सप्तमी पर राशि अनुसार क्या करें दान?
मेष राशि: मां गंगा का पूजन करें और जरूरतमंदों को लाल रंग के कपड़े दान करें।
वृषभ राशि: बेहतर भाग्य के लिए चावल, चीनी और सफेद वस्त्र का दान करना अत्यंत शुभ फलदायी होगा।
मिथुन राशि: पापों के नाश के लिए मूंग की दाल और हरी सब्जियों का दान करें।
कर्क राशि: मानसिक शांति की प्राप्ति हेतु दही और चीनी का दान करना लाभकारी है।
सिंह राशि: मान-सम्मान में वृद्धि के लिए गेहूं, मक्का और गुड़ का दान करें।
कन्या राशि: गौमाता की सेवा करें और गौशाला में हरा चारा या धन का दान दें।
तुला राशि: लाभ और सुख-सुविधाओं के लिए सफेद वस्त्र और चावल का दान करें।
वृश्चिक राशि: लाल रंग के कपड़े और मसूर की दाल का दान आपके लिए विशेष फलदायी है।
धनु राशि: भाग्य को चमकाने के लिए चने की दाल और बेसन का दान करें।
मकर राशि: कुंडली के दोष दूर करने के लिए गरीबों को खिचड़ी खिलाएं।
कुंभ राशि: शनि दोष की शांति के लिए छाता, वस्त्र और चमड़े के जूते का दान करना चाहिए।
मीन राशि: भाग्योदय के लिए पीले वस्त्र और बेसन के लड्डू दान में दें।
