Puri Jagannath Temple Ratna Bhandar : पुरी धाम के खजाने का सच आएगा सामने, रत्न भंडार की गिनती पर देशभर की नजर

Edited By Updated: 14 Feb, 2026 10:27 AM

puri jagannath temple ratna bhandar

पुरी जगन्नाथ मंदिर के खजाने को लेकर देशभर में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। भगवान जगन्नाथ के रत्न भंडार में कितना सोना, चांदी और हीरे-जवाहरात हैं। यह सवाल दशकों से रहस्य बना हुआ है।

Puri Jagannath Temple Ratna Bhandar : पुरी जगन्नाथ मंदिर के खजाने को लेकर देशभर में एक बार फिर हलचल तेज हो गई है। भगवान जगन्नाथ के रत्न भंडार में कितना सोना, चांदी और हीरे-जवाहरात हैं। यह सवाल दशकों से रहस्य बना हुआ है। अब ओडिशा हाई कोर्ट ने एक बड़ा फैसला सुनाते हुए राज्य सरकार को आदेश दिया है कि वह अगले 3 महीनों के भीतर रत्न भंडार की पूरी सूची तैयार करने और आभूषणों के Verification का काम पूरा करे।

Puri Jagannath Temple Ratna Bhandar

1978 की लिस्ट से होगा मिलान: कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि खजाने में मौजूद सामान की तुलना 1978 में बनाई गई पिछली आधिकारिक सूची से की जाएगी। इससे यह साफ हो जाएगा कि पिछले 48 सालों में खजाने से कोई वस्तु कम तो नहीं हुई है।

गुम हुई चाबियों का रहस्य: रत्न भंडार के अंदरूनी कक्ष की चाबियां गायब होने का मुद्दा काफी गरमाया हुआ था। कोर्ट ने सरकार को निर्देश दिया है कि जस्टिस रघुबीर दास कमीशन की जांच रिपोर्ट को आगामी विधानसभा सत्र (जो 17 फरवरी 2026 से शुरू हो रहा है) में पेश किया जाए।

डिजिटलीकरण की तैयारी: इस बार गिनती केवल कागजों तक सीमित नहीं रहेगी। मंदिर प्रशासन (SJTA) सभी कीमती वस्तुओं का डिजिटल डेटाबेस तैयार करेगा, जिसमें उनकी फोटो और वजन का पूरा विवरण होगा।

खजाने में क्या-क्या होने का अनुमान है ?

128 किलो से ज्यादा सोना (जिसमें भगवान के मुकुट, हार और अन्य आभूषण शामिल हैं)।

221 किलो से ज्यादा चांदी के बर्तन और सामान।

बेशकीमती हीरे, नीलम और अन्य रत्न जो सदियों से राजा-महाराजाओं द्वारा दान किए गए हैं।

भक्तों के लिए क्यों है यह खास ?
जगन्नाथ पुरी के भक्तों के लिए यह केवल संपत्ति का मामला नहीं बल्कि आस्था और पारदर्शिता का विषय है। लंबे समय से मांग की जा रही थी कि खजाने की स्थिति स्पष्ट की जाए ताकि मंदिर प्रबंधन पर उठ रहे सवाल खत्म हो सकें।

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