Edited By Niyati Bhandari,Updated: 11 Aug, 2026 10:20 AM

राम मंदिर चढ़ावा चोरी के आरोपों से घिरे चंपत राय एक बार फिर श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव पद की रेस में बताए जा रहे हैं। चंपत राय ने 26 जून को महासचिव पद से इस्तीफा दे दिया था। अब उनके दोबारा इस पद पर लौटने को लेकर चर्चाएं तेज हो...
अयोध्या (उ.प्र.) (एजैंसी): राम मंदिर चढ़ावा चोरी के आरोपों से घिरे चंपत राय एक बार फिर श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव पद की रेस में बताए जा रहे हैं। चंपत राय ने 26 जून को महासचिव पद से इस्तीफा दे दिया था। अब उनके दोबारा इस पद पर लौटने को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
सूत्रों के मुताबिक, 22 जुलाई को दिल्ली में विश्व हिंदू परिषद (विहिप) की राष्ट्रीय बैठक में चंपत राय को कथित तौर पर क्लीनचिट दिए जाने के बाद उनका पक्ष मजबूत हुआ है। इसके अगले दिन अयोध्या के मणिराम दास छावनी में उनके समर्थन में संतों की बैठक हुई। इसमें कई प्रमुख संतों ने चंपत राय को क्लीन चिट देते हुए उन्हें दोबारा महासचिव बनाए जाने की मांग की। बैठक में मौजूद ज्यादातर संतों ने इस मांग का समर्थन किया।
इसके बाद से चंपत राय लगातार अयोध्या के संतों और महंतों से मुलाकात कर रहे हैं। वह रोज अलग-अलग मंदिरों में पहुंचकर संतों से बातचीत कर रहे हैं और राम मंदिर की व्यवस्थाओं को लेकर चर्चा कर रहे हैं।
श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सी.ई.ओ.) पद के लिए चयन समिति ने 18 उम्मीदवारों को शार्ट लिस्ट किया है। मंदिर सूत्रों ने बताया कि इस पद के लिए 5,300 से अधिक उम्मीदवारों ने आवेदन किया था। प्रशासनिक अनुभव रखने वाले उम्मीदवारों को प्राथमिकता मिलने की संभावना है। सूत्रों ने बताया कि चुने गए उम्मीदवारों का 11 और 12 अगस्त को मंदिर परिसर में साक्षात्कार लिया जाएगा। इसके बाद 2 सितम्बर को होने वाली ट्रस्ट की आधिकारिक बैठक में सी.ई.ओ. पद के लिए अंतिम व्यक्ति का निर्णय किया जाएगा।