Edited By Prachi Sharma,Updated: 01 Jun, 2026 10:59 AM

Suman Kalyanpur Death : दिग्गज मराठी गायिका सुमन कल्याणपुर का 31 मई को निधन हो गया है। 89 की उम्र में उन्होंने अंतिम सांस ली। अपनी मधुर और जुदाई आवाज के लिए पहचानी जाने वाली सुमन कल्याणपुर ने लम्बे समय तक संगीत जगत में अपनी अमिट छाप छोड़ी।
Suman Kalyanpur Death : दिग्गज मराठी गायिका सुमन कल्याणपुर का 31 मई को निधन हो गया है। 89 की उम्र में उन्होंने अंतिम सांस ली। अपनी मधुर और जुदाई आवाज के लिए पहचानी जाने वाली सुमन कल्याणपुर ने लम्बे समय तक संगीत जगत में अपनी अमिट छाप छोड़ी।
संगीत करियर की शुरुआत में वे सुमन हेमदी के नाम से गाया करती थी लेकिन शादी के बाद उन्होंने सुमन कल्याणपुर नाम अपनाया और इसी नाम से उन्होंने पहचान बनाई।
28 जनवरी 1937 को अविभाजित भारत यानि जो अब बांग्लादेश के भावनीपुर में जन्मी सुमन ने महान कवी जी.डी माडगुलकर के गीतों के साथ मराठी संगीत जगत में कदम रखा। इसके बाद उन्होंने कई अमर गीत दिए, जिनमें निम्बोनिचा झाड़ामागे’, ‘अरे संसार संसार’, ‘केतकिचा बानी तिथे नचला मोर’ और ‘रिमझिम झरती श्रावणधारा’ जैसे लोकप्रिय मराठी गाने शामिल हैं जो आज भी श्रोताओं के बीच बेहद पसंद किए जाते हैं।

सुमन कल्याणपुर ने केवल मराठी ही नहीं बल्कि हिंदी, गुजरती और बंगाली भाषाओं में भी हजारों गीतों को अपनी आवाज दी। संगीत में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए भारत सरकार ने उन्हें 2023 में देश के प्रतिष्ठित नागरिक सम्मान पद्म भूषण से सम्मानित किया था।
उम्र बढ़ने के साथ वे सक्रीय रूप से संगीत जगत से दूर हो गई थीं। उनके निधन की खबर से पूरे संगीत और फिल्म उद्योग में शोक की लहर दौड़ गई है, वहीं उनके प्रशंसक भी गहरे दुख में हैं।
