Edited By Tanuja,Updated: 07 Oct, 2026 03:04 PM

श्रीलंका के पूर्व राष्ट्रपति महिंदा राजपक्षे की पत्नी और पूर्व प्रथम महिला शिरंथी राजपक्षे को कथित वित्तीय धोखाधड़ी के मामले में गिरफ्तार किया गया है। उन पर सरकारी बैंक से एक करोड़ श्रीलंकाई रुपये हासिल कर कथित दुरुपयोग का आरोप है। उनके बेटे नमल...
Colonbo: श्रीलंका के पूर्व राष्ट्रपति महिंदा राजपक्षे के परिवार पर कानूनी कार्रवाई का सिलसिला थमता नजर नहीं आ रहा है। भ्रष्टाचार और रिश्वतखोरी के मामलों की जांच करने वाले अधिकारियों ने बुधवार को पूर्व प्रथम महिला शिरंथी राजपक्षे को कथित वित्तीय धोखाधड़ी के मामले में गिरफ्तार कर लिया। उन पर अपने गैर-सरकारी संगठन ‘सिरिलिया सविया’ से जुड़े बैंक खाते के माध्यम से सरकारी धन के कथित दुरुपयोग का आरोप है। 73 वर्षीय शिरंथी को कोलंबो के पूर्वी उपनगर पोलहेंगोड़ा स्थित उनके आवास से रिश्वत या भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच करने वाले आयोग के अधिकारियों ने गिरफ्तार किया। वह उपचार कराने के बाद सोमवार को ही सिंगापुर से श्रीलंका लौटी थीं।
भ्रष्टाचार निरोधक अधिकारियों के अनुसार, शिरंथी पर एक सरकारी बैंक से एक करोड़ श्रीलंकाई रुपए हासिल करने और इस धन के कथित दुरुपयोग के जरिए सार्वजनिक संपत्ति अधिनियम तथा भ्रष्टाचार से संबंधित कानूनी प्रावधानों के उल्लंघन का आरोप है। अधिकारियों के मुताबिक, जांच मुख्य रूप से उनके संगठन ‘सिरिलिया सविया’ के वित्तीय लेन-देन और उसके संचालन से जुड़े मामलों पर केंद्रित है। शिरंथी वर्ष 2005 से 2015 तक इस संगठन की प्रमुख रही थीं। इसी अवधि में उनके पति महिंदा राजपक्षे श्रीलंका के राष्ट्रपति थे। शिरंथी के वकीलों ने उनकी गिरफ्तारी की आशंका को देखते हुए बुधवार सुबह ही पुलिस के वित्तीय अपराध जांच प्रभाग के समक्ष कार्रवाई से बचाने के लिए अग्रिम जमानत की याचिका दाखिल की थी।
इससे एक दिन पहले वित्तीय अपराध जांच प्रभाग ने उन्हें 13 अक्टूबर को पूछताछ के लिए उसके सामने पेश होने को कहा था। इसके बावजूद बुधवार को अधिकारियों ने उनके आवास पहुंचकर उन्हें गिरफ्तार कर लिया। शिरंथी करीब दो सप्ताह पहले उपचार के लिए सिंगापुर गई थीं। हवाई अड्डे पर रवाना होने के दौरान वित्तीय अपराध जांच प्रभाग ने उन्हें 24 सितंबर को उसके समक्ष पेश होने का नोटिस दिया था। श्रीलंकाई अधिकारी शिरंथी के गैर-सरकारी संगठन ‘सिरिलिया सविया’ के कामकाज की पहले से जांच कर रहे हैं। जांच का केंद्र संगठन से जुड़े वित्तीय लेन-देन और कथित तौर पर सार्वजनिक धन के इस्तेमाल से जुड़े आरोप हैं। मामले में अब शिरंथी की गिरफ्तारी जांच को एक नए चरण में ले गई है। हालांकि, उन पर लगे आरोप अभी अदालत में साबित नहीं हुए हैं और गिरफ्तारी को दोषसिद्धि नहीं माना जा सकता।
शिरंथी की गिरफ्तारी ऐसे समय हुई है जब राजपक्षे परिवार का एक और प्रमुख सदस्य कानूनी कार्रवाई का सामना कर रहा है। उनके बड़े बेटे नमल राजपक्षे, जो विपक्षी श्रीलंका पोदुजना पेरामुना के सांसद हैं, कथित रिश्वतखोरी से जुड़े दो अलग-अलग मामलों में 4 सितंबर से कोलंबो रिमांड जेल में बंद हैं। इस तरह पूर्व राष्ट्रपति महिंदा राजपक्षे के परिवार के दो प्रमुख सदस्य इस समय अलग-अलग कानूनी मामलों में जांच या हिरासत का सामना कर रहे हैं। श्रीलंका में राजपक्षे परिवार लंबे समय तक देश की राजनीति के केंद्र में रहा है। महिंदा राजपक्षे 2005 से 2015 तक राष्ट्रपति रहे थे। ऐसे में परिवार के सदस्यों के खिलाफ भ्रष्टाचार और वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े मामलों की कार्रवाई देश की राजनीति में भी महत्वपूर्ण मानी जा रही है।