Edited By Anil dev,Updated: 06 Feb, 2023 11:01 AM

कांग्रेस समेत कई विपक्षी दलों के नेताओं ने अडाणी समूह के खिलाफ 'हिंडनबर्ग रिसर्च' द्वारा लगाए गए आरोपों से जुड़े मामले और कुछ अन्य विषयों को लेकर सोमवार को संसद में अपनी अपनी साझा रणनीति पर चर्चा की और परिसर में महात्मा गांधी की प्रतिमा के समक्ष...
नेशनल डेस्क; कांग्रेस समेत कई विपक्षी दलों के नेताओं ने अडाणी समूह के खिलाफ 'हिंडनबर्ग रिसर्च' द्वारा लगाए गए आरोपों से जुड़े मामले और कुछ अन्य विषयों को लेकर सोमवार को संसद में अपनी अपनी साझा रणनीति पर चर्चा की और परिसर में महात्मा गांधी की प्रतिमा के समक्ष प्रदर्शन किया।
प्रदर्शन कर रहे इन नेताओं ने एक बड़ा बैनर भी ले रखा था जिस पर लिखा था ''अडाणी स्कैन्डल या जेपीसी जांच या उच्चतम न्यायालय की निगरानी में जांच हो।'' राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के कक्ष में हुई बैठक के बाद विपक्षी सदस्यों ने महात्मा गांधी की प्रतिमा के सामने प्रदर्शन किया। विपक्षी दलों की बैठक में कांग्रेस, भारत राष्ट्र समिति, आम आदमी पार्टी, जनता दल (यूनाइटेड), द्रमुक, समाजवादी पार्टी, शिवसेना (उद्धव ठाकरे), राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी, राष्ट्रीय जनता दल और कुछ अन्य दलों के नेता शामिल हुए।
उधर, कांग्रेस के राज्यसभा सदस्यों प्रमोद तिवारी, सैयद नासिर हुसैन और अमी याग्निक ने अडाणी समूह से जुड़े प्रकरण की पृष्ठभूमि में सदन में नियम 267 के तहत प्रश्नकाल और दूसरे विधायी कार्यों को स्थगित कर चर्चा कराए जाने की मांग की है। इस विषय पर गत सप्ताह दोनों सदनों में विपक्षी सदस्यों ने जांच के लिए संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) गठित करने और चर्चा कराए जाने की मांग को लेकर हंगामा किया था जिस कारण दोनों सदनों की कार्यवाही बाधित हुई थी।