Edited By Parveen Kumar,Updated: 31 Oct, 2026 08:50 PM

एयर चीफ मार्शल आशुतोष दीक्षित ने शनिवार को भारतीय वायुसेना के 29वें प्रमुख के रूप में कार्यभार संभाल लिया। दीक्षित को 20 से अधिक प्रकार के विमानों पर 3,500 घंटे से ज्यादा उड़ान भरने का अनुभव है और वह एक कुशल लड़ाकू विमान पायलट हैं। दीक्षित ने ऐसे...
नेशनल डेस्क : एयर चीफ मार्शल आशुतोष दीक्षित ने शनिवार को भारतीय वायुसेना के 29वें प्रमुख के रूप में कार्यभार संभाल लिया। दीक्षित को 20 से अधिक प्रकार के विमानों पर 3,500 घंटे से ज्यादा उड़ान भरने का अनुभव है और वह एक कुशल लड़ाकू विमान पायलट हैं। दीक्षित ने ऐसे समय में वायुसेना की कमान संभाली है, जब जटिल क्षेत्रीय सुरक्षा माहौल के बीच भारत अपनी सैन्य क्षमताओं को बढ़ाने के लिए सक्रिय रूप से काम कर रहा है।
दीक्षित ने एयर चीफ मार्शल एपी सिंह का स्थान लिया, जो 43 साल के शानदार करियर के बाद सेवानिवृत्त हो गए। कार्यभार सौंपने से पहले एयर चीफ मार्शल सिंह को रेस कोर्स वायुसेना स्टेशन पर औपचारिक 'गार्ड ऑफ ऑनर' दिया गया। वायुसेना ने एक बयान में कहा, ''परिचालन नेतृत्व के अलावा, एयर चीफ मार्शल एपी सिंह को संगठन के हर स्तर पर वायु योद्धाओं के साथ उनके गहरे और व्यक्तिगत जुड़ाव के लिए याद किया जाएगा।''
बयान में कहा गया कि जमीनी स्तर पर कर्मियों के साथ सिंह का संवाद इस विश्वास को दर्शाता है कि वायुसेना की ताकत उसके कर्मियों में निहित है। रणनीतिक योजना के लिए पहचाने जाने वाले और 'ऑपरेशन सिंदूर' में अहम भूमिका निभाने वाले एयर चीफ मार्शल दीक्षित इससे पहले वायुसेना के उप प्रमुख के पद पर कार्यरत थे। चार दशक के अपने करियर में एयर चीफ मार्शल दीक्षित ने कमान, स्टाफ और प्रशिक्षण से जुड़े कई पदों पर सेवाएं दी हैं। नौ दिसंबर 1966 को जन्मे एयर मार्शल आशुतोष दीक्षित को छह दिसंबर 1986 को भारतीय वायुसेना की लड़ाकू विमान शाखा में शामिल किया गया था।