Edited By Parveen Kumar,Updated: 15 Jan, 2026 06:45 PM

दिल्ली विधानसभा में विपक्ष की नेता की मुश्किलें बढ़ती दिख रही हैं। दिल्ली विधानसभा सेक्रेटेरिएट ने सिख गुरुओं के खिलाफ कथित तौर पर टिप्पणी करने के लिए उन्हें विशेषाधिकार हनन और सदन की अवमानना का नोटिस जारी किया है। जारी किए गए ऑफिशियल लेटर के...
नेशनल डेस्क: दिल्ली विधानसभा में विपक्ष की नेता की मुश्किलें बढ़ती दिख रही हैं। दिल्ली विधानसभा सेक्रेटेरिएट ने सिख गुरुओं के खिलाफ कथित तौर पर टिप्पणी करने के लिए उन्हें विशेषाधिकार हनन और सदन की अवमानना का नोटिस जारी किया है। जारी किए गए ऑफिशियल लेटर के मुताबिक, यह मामला 6 जनवरी, 2026 को सदन की कार्यवाही के दौरान हुआ था। उस दिन सदन में प्रदूषण के मुद्दे पर चर्चा होनी थी, लेकिन आरोप है कि स्पीकर के बार-बार कहने के बावजूद आतिशी ने सदन की मर्यादा तोड़ी।
लेटर में कहा गया है कि इस दौरान उन्होंने कथित तौर पर सिख गुरुओं के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी की, जिससे सदन में भारी हंगामा हुआ और कार्यवाही में रुकावट आई। स्पीकर की कार्रवाई और नोटिस स्पीकर ने आतिशी को 8 जनवरी को सदन में पेश होकर अपनी स्थिति साफ करने को कहा था, लेकिन वह पेश नहीं हुईं। अब स्पीकर ने मामले को प्रिविलेज कमेटी को भेज दिया है।
प्रिविलेज कमिटी के चेयरपर्सन के कहने पर विधानसभा सेक्रेटरी रंजीत सिंह ने यह नोटिस जारी किया है। इसमें आतिशी को 19 जनवरी, 2026 को या उससे पहले इस घटना के बारे में अपना लिखा हुआ बयान देने को कहा गया है। इस मामले ने दिल्ली की पॉलिटिक्स में एक नया विवाद खड़ा कर दिया है और आने वाले दिनों में पॉलिटिकल लड़ाई और तेज़ होने की उम्मीद है।