शराब नहीं पीने के बावजूद भारतीय को 'फैटी लिवर', पीने वाले विदेशी का लिवर स्वस्थ, जानें क्यों हैं ऐसा?

Edited By Updated: 22 Feb, 2026 06:22 PM

doctor explains why alcohol affects indians differently than europeans

शराब और लिवर के संबंध को लेकर डॉ. हर्ष व्यास ने रोचक जानकारी साझा की है। उन्होंने बताया कि यूरोपीय लोग ज्यादा शराब पीने के बावजूद स्वस्थ लिवर रखते हैं, जबकि भारतीय लोग कम या बिल्कुल शराब नहीं पीते फिर भी फैटी लिवर की समस्या से जूझते हैं। इसका कारण...

नेशनल डेस्क : शराब और इंसानों के बीच का संबंध हमेशा सरल नहीं रहा है। इसके पीछे संस्कृति, खानपान और शरीर की बनावट तीनों का योगदान होता है। कई लोग सीमित मात्रा में शराब पीते हैं, लेकिन देश में बड़ी आबादी फैटी लिवर जैसी समस्याओं से जूझ रही है। अक्सर सवाल उठता है कि यूरोपीय लोग ज्यादा शराब पीते हैं, फिर भी उन्हें लिवर की समस्याएं कम क्यों होती हैं? इस पर एक डॉ. ने सोशल मीडिया पर जानकारी साझा की है।

सोशल मीडिया पर साझा की जानकारी

इंस्टाग्राम पर डॉ. ने एक वीडियो में 37 साल के इटालियन और 37 साल के भारतीय व्यक्ति की लिवर अल्ट्रासाउंड रिपोर्ट दिखाई। हैरानी की बात यह थी कि जो यूरोपीय व्यक्ति हफ्ते में दो-तीन बार शराब पीता था, उसका लिवर अधिक स्वस्थ दिखा, जबकि भारतीय व्यक्ति शराब नहीं पीता था, फिर भी उसके लिवर में फैटी बदलाव नजर आए।

डॉ. व्यास के अनुसार इसके पीछे मुख्य कारण निम्न हैं:

1. जेनेटिक फैक्टर

यूरोपीय लोगों में शराब को तोड़ने वाले एंजाइम, जैसे अल्कोहल डिहाइड्रोजनेज और एल्डिहाइड डिहाइड्रोजनेज, ज्यादा सक्रिय होते हैं। इससे शराब से बनने वाले हानिकारक तत्व शरीर से जल्दी बाहर निकल जाते हैं। वहीं एशियाई आबादी में ये एंजाइम कम प्रभावी होते हैं, जिससे हानिकारक तत्व लंबे समय तक शरीर में बने रहते हैं।

2. लाइफस्टाइल और खानपान

यूरोपीय डाइट में कॉम्प्लेक्स कार्बोहाइड्रेट, मछली, सी-फूड, हेल्दी फैट और पर्याप्त प्रोटीन शामिल होता है। वहीं भारतीय आहार में अक्सर रिफाइंड कार्बोहाइड्रेट ज्यादा होते हैं, जबकि हेल्दी फैट और प्रोटीन कम। यह अंतर लिवर की सेहत पर नकारात्मक असर डाल सकता है।

3. फिजिकल एक्टिविटी

डॉ. ने बताया कि उनके इटालियन मरीज रोज़ाना 5-6 किलोमीटर पैदल चलते थे और 30-40 मिनट की एक्सरसाइज करते थे। इसके विपरीत भारत में कई लोग नियमित व्यायाम नहीं कर पाते, जिससे लिवर पर बुरा असर पड़ता है।

डॉक्टर का क्या कहना है? 

डॉ. का कहना है कि यूरोपीय लोग शराब पीते हैं, लेकिन संतुलित डाइट, नियमित व्यायाम और अनुकूल जेनेटिक फैक्टर उनके शरीर को हुए नुकसान की भरपाई करने में मदद करते हैं। वहीं यदि लाइफस्टाइल असंतुलित हो, तो शराब न पीने के बावजूद लिवर की समस्याएं बढ़ सकती हैं। इसलिए लिवर की सेहत बनाए रखने के लिए सिर्फ शराब न पीना ही पर्याप्त नहीं, बल्कि संतुलित आहार, नियमित व्यायाम और स्वस्थ जीवनशैली भी उतनी ही जरूरी है।

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