Edited By Sahil Kumar,Updated: 09 Feb, 2026 08:17 PM
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में सोमवार को सोने और चांदी की कीमतों में तेज उछाल देखने को मिला। चांदी 6 प्रतिशत से अधिक बढ़कर 2.72 लाख रुपये प्रति किलोग्राम पहुंच गई, जबकि सोना करीब 1 प्रतिशत चढ़कर 1.58 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम हो गया। कमजोर अमेरिकी...
नेशनल डेस्कः राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के सर्राफा बाजार में सोमवार को कीमती धातुओं की कीमतों में तेज़ी देखने को मिली। चांदी के दामों में एक ही दिन में 6 फीसदी से ज्यादा की छलांग लग गई, जबकि सोना भी करीब 1 फीसदी महंगा हो गया। वैश्विक बाजारों में मजबूत रुख और अमेरिकी डॉलर में कमजोरी को इस तेजी की मुख्य वजह माना जा रहा है।
चांदी ने तोड़ा रिकॉर्ड, सोने में भी मजबूती
दिल्ली के स्थानीय बाजार में चांदी की कीमत बढ़कर 2,72,000 रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंच गई। इससे पहले चांदी 2,55,000 रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुई थी, यानी इसमें 17,000 रुपये या करीब 6.66 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई। वहीं 99.9 प्रतिशत शुद्धता वाले सोने की कीमत में भी 1,300 रुपये की तेजी आई और यह 1,58,500 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया। पिछले कारोबारी सत्र में सोना 1,57,200 रुपये प्रति 10 ग्राम के स्तर पर बंद हुआ था।
डॉलर में गिरावट से बढ़ी कीमती धातुओं की चमक
कमोडिटी विशेषज्ञों के मुताबिक, अमेरिकी डॉलर इंडेक्स में आई कमजोरी ने सोने और चांदी को समर्थन दिया है। एचडीएफसी सिक्योरिटीज के सीनियर एनालिस्ट (कमोडिटीज) सौमिल गांधी के अनुसार, डॉलर इंडेक्स करीब 0.30 फीसदी गिरकर 97 के आसपास कारोबार कर रहा है, जिससे निवेशकों का रुझान कीमती धातुओं की ओर बढ़ा है।
इसके अलावा वैश्विक स्तर पर आर्थिक अनिश्चितता और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के भू-राजनीतिक व टैरिफ से जुड़े बयानों ने भी सुरक्षित निवेश के तौर पर सोने-चांदी की मांग को मजबूत किया है।
अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी तेजी का माहौल
वैश्विक बाजारों की बात करें तो हाजिर चांदी 2.81 प्रतिशत की बढ़त के साथ 80.21 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गई, जबकि सोना करीब 1 प्रतिशत चढ़कर 5,012.94 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार करता नजर आया। पिछले सप्ताह की भारी उठापटक के बाद निवेशकों ने एक बार फिर धातुओं में पोजीशन बनानी शुरू की है।
चांदी में ज्यादा उतार-चढ़ाव
लेमन मार्केट्स डेस्क के रिसर्च एनालिस्ट गौरव गर्ग के मुताबिक, घरेलू मांग में सुधार और अंतरराष्ट्रीय संकेतों के चलते कीमतों में उछाल आया, हालांकि ऊंचे स्तरों पर कुछ निवेशकों ने मुनाफावसूली भी की। चांदी में फिलहाल ज्यादा अस्थिरता बनी हुई है, जो सट्टेबाजी और शॉर्ट टर्म ट्रेडिंग को दर्शाती है।
निवेशकों के लिए एक और सकारात्मक संकेत चीन से मिला है। सौमिल गांधी ने बताया कि पीपुल्स बैंक ऑफ चाइना ने जनवरी महीने में लगातार 15वें महीने सोने की खरीद जारी रखी है, वह भी ऊंची कीमतों के बावजूद। इससे वैश्विक स्तर पर कीमती धातुओं में निवेश को लेकर भरोसा और मजबूत हुआ है।
अब बाजार की निगाहें अमेरिका के आने वाले आर्थिक आंकड़ों पर टिकी हैं। बुधवार को जारी होने वाले गैर-कृषि रोजगार और बेरोजगारी दर के आंकड़े, साथ ही शुक्रवार को आने वाले उपभोक्ता महंगाई के आंकड़े डॉलर की दिशा तय करेंगे। इन आंकड़ों का सीधा असर सोने और चांदी की कीमतों पर देखने को मिल सकता है।