Edited By Anu Malhotra,Updated: 30 Jan, 2026 10:28 AM

अभी कल तक जो निवेशक कीमती धातुओं की 'तूफानी' तेजी का जश्न मना रहे थे, शुक्रवार की सुबह उनके लिए एक बड़ा सरप्राइज लेकर आई। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर कारोबार शुरू होते ही सोने और चांदी की कीमतों में ऐसी गिरावट आई कि बाजार के जानकार भी हैरान रह...
नेशनल डेस्क: अभी कल तक जो निवेशक कीमती धातुओं की 'तूफानी' तेजी का जश्न मना रहे थे, शुक्रवार की सुबह उनके लिए एक बड़ा सरप्राइज लेकर आई। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर कारोबार शुरू होते ही सोने और चांदी की कीमतों में ऐसी गिरावट आई कि बाजार के जानकार भी हैरान रह गए।
चांदी की चमक पड़ी फीकी: ₹44,000 तक की भारी कटौती
चांदी के बाजार में आज जो हुआ, उसे 'ऐतिहासिक क्रैश' कहना गलत नहीं होगा।
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कल का रिकॉर्ड: गुरुवार को चांदी ने इतिहास रचते हुए पहली बार ₹4 लाख प्रति किलो का जादुई आंकड़ा पार किया था और ₹4,20,048 के उच्चतम स्तर को छुआ था।
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आज का हाल: शुक्रवार को बाजार खुलते ही चांदी का भाव लगभग ₹24,000 टूटकर ₹3,75,900 पर आ गया।
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कुल गिरावट: अगर हम कल के रिकॉर्ड स्तर से तुलना करें, तो चांदी की कीमतों में महज एक दिन के भीतर ₹44,148 तक की बड़ी कमी देखी गई है।
सोने की कीमतों में भी भारी सेंध: ₹1.75 लाख के करीब पहुंचा भाव
पीली धातु भी इस गिरावट से अछूती नहीं रही। सोने की कीमतों में भी 'हार्ट अटैक' जैसी गिरावट दर्ज की गई है:
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रिकॉर्ड हाई से गिरावट: कल सोना ₹1,93,096 के अपने ऑल-टाइम हाई पर था। आज की गिरावट के बाद यह अपने रिकॉर्ड स्तर से ₹17,996 तक सस्ता हो चुका है।
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शुक्रवार की ओपनिंग: एमसीएक्स पर सोने का वायदा भाव करीब ₹8,862 प्रति 10 ग्राम गिरकर ₹1,75,100 के स्तर पर आ गया।
क्यों टूटा कीमतों का पहाड़? (मुख्य कारण)
विशेषज्ञों का मानना है कि इस अचानक आई गिरावट के पीछे दो बड़े ट्रिगर काम कर रहे हैं:
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भारी मुनाफावसूली (Profit Booking): जब कीमतें रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुँचती हैं, तो बड़े निवेशक अपना मुनाफा सुरक्षित करने के लिए बिकवाली शुरू कर देते हैं। इसी भारी सेल-ऑफ ने कीमतों को नीचे धकेल दिया।
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ट्रंप का 'ईरान कार्ड': वैश्विक तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान के साथ परमाणु समझौते की दिशा में बातचीत शुरू करने की खबरों ने सुरक्षित निवेश के रूप में सोने की डिमांड को थोड़ा कम कर दिया है। 'टैरिफ वॉर' के बीच शांति की इस पहल ने बाजार के रुख को बदल दिया।
निवेशकों के लिए क्या है संकेत?
बाजार में आई यह अस्थिरता दर्शाती है कि कीमती धातुओं का 'बुलबुला' फिलहाल शांत हो रहा है। जहां खरीदारों के लिए यह कीमतों में थोड़ी राहत लेकर आया है, वहीं ऊंचे दाम पर दांव लगाने वाले निवेशकों के लिए यह सतर्क रहने का समय है।