Edited By Mehak,Updated: 23 Feb, 2026 04:28 PM

केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने कहा कि भारत चिकित्सा पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए मंत्रालयों और राज्य सरकारों के बीच समन्वय मजबूत कर रहा है। ‘एडवांटेज हेल्थ केयर इंडिया’ सम्मेलन में उन्होंने कहा कि मेडिकल यात्रा भारत की वैश्विक स्वास्थ्य...
नेशनल डेस्क : केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा ने सोमवार को कहा कि भारत अपने मंत्रालयों, नियामक प्राधिकरणों, प्रत्यायन एजेंसियों और राज्य सरकारों के बीच समन्वय को सुव्यवस्थित करके चिकित्सा पर्यटन का समर्थन करने वाले पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करने पर काम कर रहा है। स्वास्थ्य मंत्री यहां भारतीय वाणिज्य एवं उद्योग महासंघ (फिक्की) द्वारा आयोजित 'एडवांटेज हेल्थ केयर इंडिया' सम्मेलन को वर्चुअल माध्यम से संबोधित कर रहे थे।
नड्डा ने कहा कि सरकार चिकित्सा यात्रा को सहयोग के एक ऐसे माध्यम के रूप में देखती है जो विश्वास पैदा करता है और देशों के बीच आपसी संबंधों को मजबूत करता है। उन्होंने कहा, ''चिकित्सा संबंधी यात्राएं विश्व के साथ भारत की स्वास्थ्य सेवा संबंधी भागीदारी का एक महत्वपूर्ण आयाम हैं। यह हमारी नैदानिक उत्कृष्टता, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्थापित मानकों, पारदर्शी शासन ढांचे और रोगी-केंद्रित देखभाल के प्रति अटूट प्रतिबद्धता को दर्शाती हैं।''

केंद्रीय मंत्री ने कहा कि आज के भारत में उच्च कौशल प्राप्त चिकित्सा पेशेवरों और आधुनिक स्वास्थ्य सेवा अवसंरचना की बदौलत हृदय रोग विज्ञान, कर्क रोग विज्ञान, अंग प्रतिरोपण, ऑर्थोपेडिक्स और तंत्रिका विज्ञान सहित कई विशिष्टताओं में उन्नत उपचार उपलब्ध हैं। नड्डा ने विश्वास व्यक्त किया कि यह सम्मेलन हितधारकों को आपसी जुड़ाव को गहरा करने और सहयोग के नए क्षेत्रों का पता लगाने का अवसर प्रदान करेगा। उन्होंने अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधियों और हितधारकों को सार्थक सहयोग बनाने और भारत द्वारा एक भरोसेमंद एवं विश्वसनीय स्वास्थ्य सेवा भागीदार के रूप में पेश की जाने वाली विशाल क्षमता का पता लगाने के लिए प्रोत्साहित किया।