Edited By Pardeep,Updated: 15 Jan, 2026 10:20 PM

भगवंत मान सरकार द्वारा मीडिया संस्थानों, पत्रकारों और मीडिया इन्फ्लूएंसरों को निशाना बनाकर जनता की आवाज़ दबाने की कोशिशों पर भारतीय जनता पार्टी ने कड़ा एतराज़ जताया है। भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री तरुण चुग ने कहा कि मीडिया पर हमला लोकतंत्र के मूल...
चंडीगढ़ः भगवंत मान सरकार द्वारा मीडिया संस्थानों, पत्रकारों और मीडिया इन्फ्लूएंसरों को निशाना बनाकर जनता की आवाज़ दबाने की कोशिशों पर भारतीय जनता पार्टी ने कड़ा एतराज़ जताया है। भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री तरुण चुग ने कहा कि मीडिया पर हमला लोकतंत्र के मूल सिद्धांतों पर हमला है और पंजाब में आम आदमी पार्टी सरकार इसी दिशा में खतरनाक कदम उठा रही है।
चुग ने कहा कि पंजाब केसरी मीडिया हाउस पर की गई छापेमारी केजरीवाल–भगवंत मान की जोड़ी की आपराधिक, अलोकतांत्रिक और तानाशाही मानसिकता को उजागर करती है। यह केवल एक मीडिया संस्थान को निशाना बनाने का मामला नहीं है, बल्कि पूरे लोकतांत्रिक ढांचे को डराने और दबाने की साजिश है।
तरुण चुग ने कहा कि मीडिया को धमकाने और उसकी आवाज़ दबाने की यह नीति सीधे-सीधे 1975 के आपातकाल की याद दिलाती है, जब श्रीमती इंदिरा गांधी ने लोकतंत्र का गला घोंटा था। उन्होंने कहा कि 1977 में देश की जनता ने उस तानाशाही मानसिकता को लोकतांत्रिक तरीके से परास्त किया था और 2027 में पंजाब की जनता केजरीवाल–भगवंत मान के अहंकार को भी उसी तरह करारा जवाब देगी। चुग ने कहा कि पंजाब केसरी सिर्फ़ एक अख़बार नहीं है, बल्कि यह एक राष्ट्रवादी-लोकतांत्रिक संस्थान है, जिसने आतंकवाद के दौर में भी बम, गोलियां और धमकियों के बावजूद कलम नहीं रोकी। आपातकाल के समय भी इसकी आवाज़ नहीं दबाई जा सकी थी।
तरुण चुग ने कहा कि आम आदमी पार्टी की सरकार में मीडिया की आवाज़ दबाना अब एक नियमित रणनीति बन चुकी है। कभी मुख्यमंत्री के हेलीकॉप्टर के दुरुपयोग पर सवाल उठाने वाले पत्रकारों के खिलाफ एफआईआर होती है, तो कभी अख़बार ले जा रहे मीडिया वाहनों को रोका और डराया जाता है। उन्होंने कहा कि भाजपा संविधान और लोकतंत्र के चौथे स्तंभ की रक्षा के लिए पंजाब के राज्यपाल से तत्काल हस्तक्षेप की मांग करेगी। चुग ने जोड़ा कि पंजाब की जनता सब देख रही है और समय आने पर इसका करारा जवाब देगी।