Edited By Sarita Thapa,Updated: 31 Oct, 2026 11:55 AM

कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी को मनाया जाने वाला पर्व धनतेरस सुख-समृद्धि और आरोग्य की प्राप्ति का सबसे उत्तम दिन माना जाता है। इस दिन भगवान धन्वंतरि, मां लक्ष्मी और धन के देनता कुबेर की पूजा की जाती है।
Dhanteras 2026 Vastu Tips : कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी को मनाया जाने वाला पर्व धनतेरस सुख-समृद्धि और आरोग्य की प्राप्ति का सबसे उत्तम दिन माना जाता है। इस दिन भगवान धन्वंतरि, मां लक्ष्मी और धन के देनता कुबेर की पूजा की जाती है। धनतेरस के दिन लोग नई वस्तुएं जैसे-सोना, चांदी, बर्तन और वाहन खरीदना बहुत शुभ मानते हैं। हालांकि, वास्तु शास्त्र के अनसार, धनतेरस पर खरीदारी और सफाई से जुड़े कई नियम भी बताए गए हैं। यदि आप चाहते हैं कि आपके घर में साल भर धन की बरकत बनी रही और मां लक्ष्मी का स्थाई वास हो, तो धनतेरस के दिन 4 विशेष वस्तुओं से दूरी बना लेना बेहद जरूरी है। तो आइए जानते हैं कि वास्तु शास्त्र के अनुसार धनतेरस के दिन किन 4 चीजों को घर लाने या इस्तेमाल करने से बचना चाहिए।
कांच और चीनी मिट्टी के बर्तन या सामान
धनतेरस पर बर्तन खरीदने की परंपरा है, लेकिन इस दिन कांच या चीनी मिट्टी से बने बर्तन और सजावटी सामान भूलकर भी न खरीदें। वास्तु और ज्योतिष में कांच का संबंध राहु ग्रह से माना गया है। राहु को अनिश्चितता, तनाव और मानसिक भ्रम का कारक माना जाता है। धनतेरस जैसे पावन अवसर पर घर में कांच का नया सामान लाने से राहु का प्रभाव बढ़ता है, जिससे घर की सकारात्मक ऊर्जा नष्ट होती है और आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ सकता है।
लोहे और एल्युमिनियम की वस्तुएं
धनतेरस के दिन लोहे के बर्तन, औजार, कैंची, चाकू या एल्युमिनियम के बर्तन और उपकरण खरीदने से बचना चाहिए। शास्त्रों के अनुसार लोहे पर शनिदेव और राहु का प्रभाव होता है, जबकि एल्युमिनियम पर नकारात्मक ऊर्जा का वास माना गया है। शुभ अवसरों पर लोहे या एल्युमिनियम की नई वस्तुएं घर लाने से मां लक्ष्मी अप्रसन्न होती हैं। यदि आपको कोई वाहन खरीदना है, तो उसका भुगतान एक दिन पहले कर दें या डिलीवरी धनतेरस पर लें, लेकिन बिल का भुगतान उस दिन न करें।

काले रंग के कपड़े और वस्तुएं
धनतेरस की पूजा, खरीदारी या वस्त्र चयन के दौरान काले रंग का उपयोग करने से बचें। न तो काले वस्त्र खरीदें और न ही इस दिन काले कपड़े पहनकर पूजा में बैठें। वास्तु शास्त्र और हिंदू धर्म में काले रंग को शोक, निराशा और नकारात्मकता का प्रतीक माना गया है। धनतेरस का पर्व प्रकाश, ऊर्जा और समृद्धि का उत्सव है। इस दिन पीले, लाल, गुलाबी या नारंगी जैसे शुभ रंगों का उपयोग करने से घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है।
नुकीली या धारदार चीजें
धनतेरस के दिन बाजार से चाकू, कैंची, सुई या अन्य किसी भी प्रकार की नुकीली व धारदार चीजें खरीदकर घर न लाएं। वास्तु के अनुसार, घर के मुख्य द्वार से प्रवेश करने वाली ऊर्जा पर नुकीली चीजों का प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। धारदार वस्तुएं घर में 'कलेश वास्तु दोष' उत्पन्न करती हैं। धनतेरस पर इन्हें घर लाने से परिवार के सदस्यों के बीच मतभेद और गृह क्लेश बढ़ता है, जिससे घर की शांति और बरकत चली जाती है।
शास्त्रों की बात, जानें धर्म के साथ