Kartik Maas 2026 Vrat Festival List: कार्तिक मास 2026 व्रत-त्योहार कैलेंडर, करवा चौथ, दिवाली से छठ पूजा तक देखें सभी प्रमुख तिथियों की पूरी लिस्ट

Edited By Updated: 23 Oct, 2026 10:51 AM

kartik maas 2026 vrat festival list

Kartik Maas 2026 Vrat Festival List: भगवान श्री हरि विष्णु की भक्ति और लोक आस्था के पावन महीने कार्तिक मास में कब मनाया जाएगा कौन-सा त्योहार? कार्तिक मास 2026 में करवा चौथ, धनतेरस, दीपावली, छठ पूजा, देवउठनी एकादशी और कार्तिक पूर्णिमा कब हैं? जानें,...

Kartik Maas 2026 Vrat Festival List: सनातन धर्म में कार्तिक मास को भक्ति, तप, पवित्र स्नान, दीपदान और दान-पुण्य के लिए वर्ष का सबसे उत्तम और फलदायी महीना माना गया है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, कार्तिक का महीना जगत के पालनहार भगवान श्री हरि विष्णु और धन-धान्य की देवी मां लक्ष्मी को अत्यंत प्रिय है। इस पूरे महीने में ब्रह्म मुहूर्त में नदी स्नान, तुलसी पूजन, दीपदान और कथा श्रवण करने से साधक के जीवन के समस्त कष्ट दूर होते हैं और अक्षय पुण्य की प्राप्ति होती है।

वर्ष 2026 में कार्तिक मास का शुभारंभ 27 अक्टूबर 2026 से हो रहा है। इस पावन महीने के दौरान देश भर में करवा चौथ, धनतेरस, दीपावली, गोवर्धन पूजा, भाई दूज, छठ पूजा, देवउठनी एकादशी और कार्तिक पूर्णिमा जैसे प्रमुख व्रत और त्योहार बड़े ही धूमधाम व श्रद्धाभाव से मनाए जाएंगे। आइए जानते हैं कार्तिक मास 2026 में पड़ने वाले सभी प्रमुख व्रत-त्योहारों की सही तिथियां और उनका धार्मिक महत्व।

कार्तिक मास 2026: प्रमुख व्रत और त्योहारों की संपूर्ण तिथिवार सूची

27 अक्टूबर 2026- कार्तिक मास का आरंभ प्रातः पवित्र स्नान, दीपदान, तुलसी सेवा और दान-पुण्य के नियम शुरू।

29 अक्टूबर 2026- करवा चौथ सुहागिन महिलाओं द्वारा पति की लंबी उम्र और अखंड सौभाग्य के लिए निर्जला व्रत।

6 नवंबर 2026- धनतेरस भगवान धन्वंतरि और कुबेर देव का पूजन। सोना, चांदी व बर्तनों की खरीदारी का शुभ दिन।

8 नवंबर 2026- दीपावली सुख-समृद्धि के लिए मां लक्ष्मी और भगवान गणेश का विशेष पूजन व दीपों का महापर्व।

10 नवंबर 2026- गोवर्धन पूजा, चित्रगुप्त पूजा, अन्नकूट उत्सव, प्रकृति पूजन और चित्रगुप्त महाराज की आराधना।

11 नवंबर 2026- भाई दूज (यम द्वितीया) भाई-बहन के अटूट स्नेह का पर्व, बहनें भाई के तिलक कर लंबी उम्र की कामना करती हैं।

13 से 16 नवंबर- 2026 छठ महापर्व सूर्यदेव और छठी मैया की उपासना का 4 दिवसीय कठिन और पावन अनुष्ठान।

18 नवंबर 2026- अक्षय नवमी (आंवला नवमी) आंवला वृक्ष का पूजन, आंवले के पेड़ के नीचे भोजन व दान-पुण्य का विशेष फल।

21 नवंबर 2026- देवउठनी एकादशी व तुलसी विवाह भगवान विष्णु योग निद्रा से जागते हैं। मांगलिक कार्यों की शुरुआत और शालिग्राम-तुलसी विवाह।

24 नवंबर 2026- कार्तिक पूर्णिमा, गुरु नानक जयंती पवित्र नदियों में महास्नान, दीपदान, सत्यनारायण कथा और प्रकाश पर्व।

13 से 16 नवंबर 2026: लोक आस्था का महापर्व 'छठ पूजा' कार्तिक महीने का सबसे बड़ा और कठिन अनुष्ठान छठ पूजा 13 नवंबर 2026 से शुरू होगा। यह चार दिनों तक चलने वाला पर्व लोक आस्था और प्रकृति पूजन का प्रतीक है:

13 नवंबर 2026 (शुक्रवार) - नहाय-खाय: सात्विक आहार और आत्मशुद्धि के साथ छठ व्रत का संकल्प।

14 नवंबर 2026 (शनिवार) - खरना: दिन भर उपवास के बाद संध्या समय गुड़ की खीर का प्रसाद ग्रहण कर 36 घंटे के निर्जला व्रत का आरंभ।

15 नवंबर 2026 (रविवार) - संध्या अर्घ्य: अस्ताचलगामी (डूबते) सूर्यदेव को पहला अर्घ्य अर्पित किया जाएगा।

16 नवंबर 2026 (सोमवार) - उषा अर्घ्य: उदीयमान (उगते) सूर्यदेव को अर्घ्य देने के साथ ही महापर्व का पारण व समापन होगा।

हिंदू पंचांग के 12 मास में से कार्तिक मास को भगवान विष्णु का नाम दिया गया है। कहा जाता है इसमें नक्षत्र-ग्रह योग, तिथि पर्व का क्रम धन, यश-ऐश्वर्य, लाभ तथा उत्तम स्वास्थ्य की प्राप्ति होती है। कुछ मान्यताओं की मानें तो कार्तिक मास से हिंदू शास्त्र गणना के आधार पर वर्ष आरंभ का समय कहलाता है। इस मास में मुख्य रूप से विष्णु भगवान की आराधना का महत्व होता है। इस दौरान  मंदिरों में जहां इनसे जुड़े कई तरह के धार्मिक अनुष्ठान किए जाते हैं, तो वहीं श्रद्धालु तुलसी व शालिग्राम की पूजा के साथ-साथ इनका विवाह संपन्न करवाते हैं। जिससे जुड़ी मान्यताएं ये हैं कि इससे जातक के धन-संपत्ति में बढ़ोतरी होती है। साथ ही साथ व्यापार-कारोबार में भी वृद्धि होती है। 

शास्त्रों की बात, जानें धर्म के साथ

 

 

Related Story

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!