Edited By Niyati Bhandari,Updated: 23 Oct, 2026 09:19 AM

Sharad Purnima Daan: शरद पूर्णिमा की अमृतमयी रात में इन 5 खास चीजों का दान करने से मां लक्ष्मी प्रसन्न होती हैं और घर धन-धान्य तथा सुख-समृद्धि से भर जाता है। जानें, दान की सही परंपरा।
Sharad Purnima Daan: सनातन धर्म में शरद पूर्णिमा की तिथि को सुख-समृद्धि और आध्यात्मिक साधना की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना गया है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस पावन रात्रि को चंद्रमा अपनी सभी 16 कलाओं से परिपूर्ण होता है और उसकी किरणों से अमृत की वर्षा होती है। शरद पूर्णिमा को देवी लक्ष्मी के जन्मदिन के तौर पर मनाया जाता है। तो वहीं कुछ मान्यताओं के अनुसार शरद पूर्णिमा की रात देवी लक्ष्मी पृथ्वी पर विचरती हैं और देखती हैं कि कौन इस रात को जागकर उनकी अर्चना करता है। जो लोग इस दिन उनकी पूजा करते हैं, उन पर देवी लक्ष्मी की कृपा से धन की वर्षा होती है। इस अवसर पर चंद्रमा की पूजा और अर्घ्य देने के साथ-साथ दान-पुण्य करने की परंपरा को बहुत फलदायी माना गया है। मान्यता है कि इस रात कुछ विशेष वस्तुओं का श्रद्धापूर्वक दान करने से मां लक्ष्मी की विशेष कृपा प्राप्त होती है और घर में धन-धान्य तथा बरकत बनी रहती है।
जीवन में सुख-संपत्ति की इच्छा रखने वाले मां लक्ष्मी को खीर का भोग लगाकर सबसे पहले कन्याओं को खीर खिलाएं। फिर सारे परिवार में बांट कर स्वयं ग्रहण करें।
घर में धन के भंडार भरने के लिए गाय का घी अथवा दूध दान करें।
जीवन के तमाम सुख प्राप्त करने हेतु दूध और चावल का दान करें।

मनचाही मनोकामनाएं पूरी करने के लिए दूध से बनी मिठाई का दान करें।
मां लक्ष्मी की कृपा पाने के लिए गुड़ का दान करें। ज्योतिष शास्त्र के अनुसार ऐसा करने से व्यक्ति को कभी पैसों की तंगी का सामना नहीं करना पड़ेगा।
मां लक्ष्मी के मंदिर जाकर अपनी योग्यता अनुसार आटा और दाल का दान करें। ऐसा करने से आपके परिवार में खुशियां बनी रहेंगी।

अपार धन की इच्छा रखने वाले कन्याओं और ब्राह्मणों को चांदी, चावल, दूध आदि चीजों का दान करें।
सुख-सौभाग्य के लिए भूखे व्यक्ति को भोजन कराएं।

शरद पूर्णिमा का दान करते समय ध्यान रखें ये बात- दान किसी दिखावे के बजाय पूर्ण श्रद्धा भाव से किया जाना चाहिए।
