Edited By Niyati Bhandari,Updated: 09 Jan, 2026 12:09 PM

Roti banane ke niyam: तवा गर्म होने पर उस पर पानी के छींटे मारकर रोटी सेंकने की परंपरा केवल रसोई से जुड़ी आदत नहीं है, बल्कि इसके पीछे ज्योतिष, वास्तु और वैज्ञानिक तीनों दृष्टिकोणों से गहरा महत्व बताया गया है। नीचे इसे सरल भाषा में विस्तार से समझिए—
Roti banane ke niyam: तवा गर्म होने पर उस पर पानी के छींटे मारकर रोटी सेंकने की परंपरा केवल रसोई से जुड़ी आदत नहीं है, बल्कि इसके पीछे ज्योतिष, वास्तु और वैज्ञानिक तीनों दृष्टिकोणों से गहरा महत्व बताया गया है। नीचे इसे सरल भाषा में विस्तार से समझिए—

तवा गर्म होने पर पानी के छींटे क्यों मारे जाते हैं?
ज्योतिष शास्त्र में इसका महत्व
ज्योतिष के अनुसार तवा अग्नि तत्व और मंगल ग्रह का प्रतीक माना जाता है। जब तवा अत्यधिक गर्म हो जाता है, तो यह मंगल की उग्र ऊर्जा को दर्शाता है। मंगल अधिक उग्र होने पर क्रोध कलह, मांगलिक दोष, वैवाहिक तनाव और दुर्घटना या चोट के योग बढ़ाता है।
गर्म तवे पर पानी के छींटे डालना मंगल की उग्रता को शांत करने का उपाय माना गया है। पानी चंद्र तत्व का प्रतीक है, जो मंगल की गर्मी को संतुलित करता है।

अस्थायी मांगलिक दोष से जुड़ा कारण
ज्योतिष में माना जाता है कि जब किसी व्यक्ति की कुंडली या गोचर में मंगल 1, 4, 7, 8 या 12वें भाव में आता है, तो वह अस्थायी रूप से मांगलिक दोष उत्पन्न करता है।
ऐसे समय में तवे पर पानी के छींटे डालकर रोटी सेंकना
मंगल दोष की नकारात्मक ऊर्जा को कम करता है
गृह क्लेश और वैवाहिक तनाव से बचाव करता है
इसी कारण यह उपाय विशेष रूप से मंगल गोचर या मांगलिक योग के समय बताया जाता है।

वास्तु शास्त्र के अनुसार महत्व
वास्तु में रसोई को अग्नि का स्थान माना गया है। अगर अग्नि अत्यधिक प्रबल हो जाए तो यह घर में झगड़े, मानसिक तनाव, स्वास्थ्य समस्याएं, आर्थिक अस्थिरता का कारण बन सकती है। तवे पर पानी डालना अग्नि तत्व को नियंत्रित करता है और रसोई में संतुलित ऊर्जा (Energy Balance) बनाए रखता है। मनोवैज्ञानिक और आध्यात्मिक कारण यह प्रक्रिया व्यक्ति को धैर्य सिखाती है। जल्दबाजी और आक्रोश को कम करती है। भोजन बनाते समय मन को शांत रखती है। ज्योतिष में माना जाता है कि जिस मनःस्थिति में भोजन बनता है, वही ऊर्जा भोजन में प्रवेश करती है।
वैज्ञानिक कारण भी है। वैज्ञानिक दृष्टि से अत्यधिक गर्म तवे पर रोटी डालने से रोटी जल सकती है। पोषक तत्व नष्ट होते हैं। पानी डालने से तवे का तापमान संतुलित होता है। रोटी समान रूप से पकती है।
इस तरह यह उपाय स्वास्थ्य से भी जुड़ा हुआ है। तवा गर्म होने पर पानी के छींटे डालकर रोटी सेंकना मंगल ग्रह की उग्रता शांत करता है, मांगलिक दोष के प्रभाव को कम करता है, घर में कलह और तनाव से बचाता है, रसोई की नकारात्मक ऊर्जा दूर करता है और वैज्ञानिक रूप से भी लाभकारी है इसलिए यह परंपरा केवल अंधविश्वास नहीं, बल्कि ज्योतिष, वास्तु और विज्ञान का संतुलित मेल है।
