Edited By Radhika,Updated: 16 May, 2025 04:27 PM

Federation of Western India Cine Employees (FICE) ने नेटफ्लिक्स, प्राइम वीडियो और जियोहॉटस्टार जैसे प्रमुख स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म से तुर्की के उन सभी शो का बहिष्कार करने का आग्रह किया है जो पाकिस्तान का समर्थन करते हैं। यह कदम भारत और पाकिस्तान के...
नेशनल डेस्क: Federation of Western India Cine Employees (FICE) ने नेटफ्लिक्स, प्राइम वीडियो और जियोहॉटस्टार जैसे प्रमुख स्ट्रीमिंग प्लेटफॉर्म से तुर्की के उन सभी शो का बहिष्कार करने का आग्रह किया है जो पाकिस्तान का समर्थन करते हैं। यह कदम भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते तनाव के मद्देनजर उठाया गया है।
राष्ट्रहित और उद्योग के लिए दृढ़ संकल्प-
फ्वाइस ने गुरुवार को एक बयान जारी करते हुए कहा कि वे 'राष्ट्र और उद्योग के हित के लिए दृढ़ता से खड़े हैं'। संगठन ने ओटीटी प्लेटफॉर्म पर तुर्की शो की लगातार स्ट्रीमिंग और प्रचार पर गंभीर चिंता व्यक्त की है।

कश्मीर पर तुर्की के रुख से नाराजगी-
फ्वाइस ने कहा कि तुर्की ने कश्मीर जैसे संवेदनशील मुद्दों पर पाकिस्तान को लगातार कूटनीतिक और राजनीतिक समर्थन दिया है, जो भारत की संप्रभुता और राष्ट्रीय हितों के लिए हानिकारक है।
भारतीय दर्शकों से बहिष्कार की अपील-
भारतीय मीडिया और मनोरंजन उद्योग के 36 विभिन्न क्षेत्रों के श्रमिकों, तकनीशियनों और कलाकारों के इस संगठन ने कहा कि ऐसे देश की सामग्री को भारतीय दर्शकों द्वारा व्यापक रूप से देखने की अनुमति देना भारत के हित में नहीं है जो इसकी क्षेत्रीय अखंडता का समर्थन नहीं करता है।
सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय से हस्तक्षेप की मांग-
फ्वाइस ने सूचना और प्रसारण मंत्रालय से भी आग्रह किया है कि वह भारतीय ओटीटी प्लेटफॉर्म पर तुर्की के टेलीविजन शो और फिल्मों की स्ट्रीमिंग का बहिष्कार करने या उन्हें प्रतिबंधित करने के लिए आवश्यक कार्रवाई करे।

घरेलू मनोरंजन उद्योग को बढ़ावा देने का लक्ष्य-
संगठन ने कहा कि ऐसा कदम न केवल वैश्विक स्तर पर एक मजबूत संदेश देगा बल्कि भारतीय सामग्री के प्रचार को भी प्रोत्साहित करेगा और घरेलू मनोरंजन उद्योग के बड़े कार्यबल का समर्थन करेगा।
तुर्की शो की लोकप्रियता और हालिया विवाद-
तुर्की के ड्रामा आधारित शो जैसे 'बिनबीर गेस', 'एज द क्रो फ्लाइज' और 'अनदर सेल्फ' ने 2000 के दशक की शुरुआत में भारत में लोकप्रियता हासिल की थी। यह ताजा घटनाक्रम तुर्की द्वारा पहलगाम आतंकी हमले के जवाब में भारत के 'ऑपरेशन सिंदूर' की आलोचना करने के बाद सामने आया है। यह भी उल्लेखनीय है कि पाकिस्तान ने सैन्य संघर्ष में भारत के खिलाफ तुर्की के ड्रोन का इस्तेमाल किया था।