Edited By Radhika,Updated: 05 May, 2025 12:32 PM

सुप्रीम कोर्ट ने गैंगरेप से जुड़े मामलों में एक अहम फैसला सुनाया है। कोर्ट ने कहा कि अगर गैंगरेप की घटना में रेप भले एक ने किया लेकिन गैंग के सभी लोग होंगे दोषी।
नेशनल डेस्क: सुप्रीम कोर्ट ने गैंगरेप से जुड़े मामलों में एक अहम फैसला सुनाया है। कोर्ट ने कहा कि अगर गैंगरेप की घटना में रेप भले एक ने किया लेकिन गैंग के सभी लोग होंगे दोषी।
आरोपी की याचिका खारिज-
यह फैसला न्यायमूर्ति संजय करोल और न्यायमूर्ति के वी विश्वनाथन की पीठ ने सुनाया। एक आरोपी ने याचिका दायर कर कहा था कि एफआईआर में उसका नाम नहीं लिया गया और उसने सिर्फ मुख्य आरोपी की मदद की थी, रेप में उसकी सीधी भूमिका नहीं थी।

समान इरादे से किया गया अपराध
कोर्ट ने कहा कि अगर सभी आरोपियों का इरादा समान है, तो एक आरोपी द्वारा किया गया अपराध पूरे समूह के लिए सजा का आधार बन सकता है।
सबूत के ज़रुर तथ्य-
सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट किया कि पीड़ित को यह साबित करना जरूरी नहीं है कि हर आरोपी ने रेप किया। सिर्फ यह दिखाना काफी है कि सभी आरोपियों ने मिलकर अपराध को अंजाम दिया और उनका इरादा एक जैसा था।

पहले के फैसलों का हवाला
कोर्ट ने अपने निर्णय में पहले दिए गए फैसलों का भी ज़िक्र किया और कहा कि अगर एक गैंगरेप केस में एक ही आरोपी ने शारीरिक कृत्य किया हो तब भी अन्य आरोपी समान रूप से दोषी माने जाएंगे।
न्याय की दिशा में बड़ा कदम
यह फैसला भविष्य के गैंगरेप मामलों में अभियोजन पक्ष को अपराध साबित करने में मजबूती देगा और यह सुनिश्चित करेगा कि सिर्फ मुख्य अपराधी ही नहीं, बल्कि उस कृत्य में शामिल सभी को सजा मिले।