Edited By Parveen Kumar,Updated: 01 Mar, 2026 08:03 PM

इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते सैन्य टकराव का असर अब समुद्री मार्गों पर भी साफ दिखाई देने लगा है। खाड़ी क्षेत्र में तनाव के बीच ओमान तट के पास एक तेल टैंकर पर हुए हमले ने भारत समेत कई देशों की चिंता बढ़ा दी है। अंतरराष्ट्रीय समाचार एजेंसी Reuters की...
नेशनल डेस्क : इजरायल और ईरान के बीच बढ़ते सैन्य टकराव का असर अब समुद्री मार्गों पर भी साफ दिखाई देने लगा है। खाड़ी क्षेत्र में तनाव के बीच ओमान तट के पास एक तेल टैंकर पर हुए हमले ने भारत समेत कई देशों की चिंता बढ़ा दी है। अंतरराष्ट्रीय समाचार एजेंसी Reuters की रिपोर्ट के अनुसार, रविवार को हुए इस हमले के समय जहाज पर 15 भारतीय नागरिक मौजूद थे।
ओमान के पास निशाना बना टैंकर
हमले का शिकार बना टैंकर ‘स्काईलाइट’ पलाऊ के झंडे के तहत संचालित हो रहा था। इसे ओमान के मुसंदम प्रायद्वीप के नजदीक, खासब बंदरगाह से करीब पांच समुद्री मील उत्तर में निशाना बनाया गया। मौजूदा क्षेत्रीय तनाव के बीच ओमान के इतने करीब किसी व्यावसायिक जहाज पर हमला होना हालात की गंभीरता को दर्शाता है।
ओमान के समुद्री सुरक्षा केंद्र ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जानकारी देते हुए बताया कि हमले के तुरंत बाद बचाव अभियान शुरू किया गया। जहाज पर कुल 20 क्रू मेंबर सवार थे, जिनमें 15 भारतीय और 5 ईरानी नागरिक शामिल थे। सभी को सुरक्षित निकाल लिया गया, हालांकि चार सदस्यों के घायल होने की पुष्टि हुई है।
हमले का तरीका अब भी स्पष्ट नहीं
अधिकारियों ने फिलहाल यह स्पष्ट नहीं किया है कि टैंकर पर किस प्रकार के हथियार या मिसाइल से हमला किया गया। शुरुआती रिपोर्ट के मुताबिक, कुछ क्रू सदस्यों को हल्की तो कुछ को अपेक्षाकृत गंभीर चोटें आई हैं। समुद्र के बीच अचानक हुए इस हमले से जहाज पर मौजूद लोगों में दहशत फैल गई।
क्षेत्रीय तनाव का बढ़ता दायरा
विश्लेषकों का मानना है कि यह हमला इजरायल और ईरान के बीच जारी संघर्ष की कड़ी हो सकता है, जिसने अब समुद्री व्यापार मार्गों को भी असुरक्षित बना दिया है। खाड़ी क्षेत्र वैश्विक तेल आपूर्ति का अहम केंद्र है और यहां अस्थिरता बढ़ने से अंतरराष्ट्रीय बाजारों पर भी असर पड़ सकता है।