Edited By Rohini Oberoi,Updated: 17 Apr, 2026 09:51 AM

देश की दिग्गज आईटी कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) के नाशिक केंद्र में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां महिला कर्मचारियों के यौन उत्पीड़न, धर्मांतरण के दबाव और मानसिक शोषण के गंभीर आरोपों के बाद खौफ का माहौल बन गया है। मामले की गंभीरता...
नेशनल डेस्क। देश की दिग्गज आईटी कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) के नाशिक केंद्र में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां महिला कर्मचारियों के यौन उत्पीड़न, धर्मांतरण के दबाव और मानसिक शोषण के गंभीर आरोपों के बाद खौफ का माहौल बन गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए कंपनी ने अपने नाशिक ऑफिस के कर्मचारियों को फिलहाल 'वर्क फ्रॉम होम' यानि कि घर से काम करने का विकल्प दे दिया है।
पुलिस जांच में डरावना सच आया सामने
नाशिक पुलिस की जांच में यह डरावना सच सामने आया है कि दफ्तर के भीतर सात पुरुष कर्मचारी एक संगठित गिरोह की तरह काम कर रहे थे। इनका मुख्य लक्ष्य महिला कर्मचारियों को निशाना बनाकर और उन्हें प्रताड़ित करना था।
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पुलिस के अनुसार इस मामले में अब तक 8 कर्मचारियों को गिरफ्तार किया गया है जिनमें 7 पुरुष और 1 महिला ऑपरेशन्स मैनेजर शामिल है। एक अन्य महिला (HR प्रमुख) फिलहाल अभी फरार है जिस पर पीड़ितों को चुप कराने और शिकायत न करने के लिए दबाव बनाने का आरोप है।
धर्मांतरण और यौन उत्पीड़न के आरोप शामिल
इस पूरे विवाद की जड़ में यौन उत्पीड़न के साथ-साथ धार्मिक आधार पर प्रताड़ना (धर्मांतरण का दबाव) की शिकायतें भी शामिल हैं। आठ महिला कर्मचारियों ने हिम्मत दिखाते हुए पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई है। पीड़ितों का आरोप है कि सीनियर अधिकारियों ने उनका मानसिक शोषण किया और जब उन्होंने HR विभाग से शिकायत की तो उनकी बात सुनने के बजाय उन्हें ही डराया-धमकाया गया।
कंपनी का रुख: सुरक्षा के लिए घर से काम
टीसीएस सूत्रों के मुताबिक कर्मचारियों की सुरक्षा और मानसिक शांति को ध्यान में रखते हुए फिलहाल उन्हें घर से ही काम करने की सुविधा दी गई है। परंतु अगर कोई कर्मचारी दफ्तर आना चाहते हैं उनके लिए ऑफिस खुला रखा गया है।