Edited By Parveen Kumar,Updated: 03 Jan, 2026 11:29 PM

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने शनिवार को कहा कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले तृणमूल कांग्रेस की राज्यसभा सदस्य मौसम नूर की कांग्रेस में वापसी इस बात का संकेत है कि मुस्लिम मतदाता मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से 'किनारा' कर रहे हैं, जिससे उनकी...
नेशनल डेस्क: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने शनिवार को कहा कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले तृणमूल कांग्रेस की राज्यसभा सदस्य मौसम नूर की कांग्रेस में वापसी इस बात का संकेत है कि मुस्लिम मतदाता मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से 'किनारा' कर रहे हैं, जिससे उनकी पार्टी ‘बेहद मुश्किल' में पहुंच गई है।
नूर सात साल के अंतराल के बाद शनिवार को कांग्रेस में लौटीं और कहा कि वह अपने चाचा और पार्टी के पूर्व दिग्गज नेता गनी खान चौधरी की विरासत को आगे बढ़ाना चाहती हैं। उनके पश्चिम बंगाल में मालदा से विधानसभा चुनाव लड़ने की संभावना है। राज्यसभा सदस्य के रूप में उनका कार्यकाल अप्रैल तक है।
इस घटनाक्रम पर टिप्पणी करते हुए पश्चिम बंगाल के भाजपा सह-प्रभारी अमित मालवीय ने कहा, ‘‘तृणमूल कांग्रेस के लिए स्थिति वास्तव में बेहद खराब है, जब उसके राज्यसभा सदस्य अपना कार्यकाल छोड़कर कांग्रेस में शामिल हो रहे हैं, जबकि बंगाल में मालदा और मुर्शिदाबाद के कुछ मुस्लिम बहुल विधानसभा क्षेत्रों को छोड़कर कांग्रेस की लगभग कोई उपस्थिति नहीं है।''
मालवीय ने ‘एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘इससे सिर्फ एक ही बात पुष्ट होती है: मुस्लिम मतदाता, जिन्हें ममता बनर्जी अपना पक्का वोट बैंक मानती है, अब उनसे किनारा कर रहे हैं।'' मालवीय ने आरोप लगाया, ‘‘एक वर्ग को खुश करने की अपनी बेताबी में ममता बनर्जी ने हिंदुओं को दूसरे दर्जे का नागरिक बना दिया। अब उनके पास दोनों में से काई नहीं है। हिंदू उनके कुशासन से तंग आ चुके हैं और मुसलमान उन्हें छोड़कर कौम (जनता) के नेताओं का साथ दे रहे हैं।''