Edited By jyoti choudhary,Updated: 20 Mar, 2026 04:55 PM

देश में प्रीमियम पेट्रोल के दामों में बढ़ोतरी के बाद अब डीजल की कीमतों में भी इजाफा हो गया है। Indian Oil Corporation (IOC) ने इंडस्ट्रियल डीजल के दाम में एक झटके में भारी बढ़ोतरी कर दी है। कीमत ₹87.67 से बढ़ाकर ₹109.59 प्रति लीटर कर दी गई है
बिजनेस डेस्कः देश में प्रीमियम पेट्रोल के दामों में बढ़ोतरी के बाद अब डीजल की कीमतों में भी इजाफा हो गया है। Indian Oil Corporation (IOC) ने इंडस्ट्रियल डीजल के दाम में एक झटके में भारी बढ़ोतरी कर दी है। कीमत ₹87.67 से बढ़ाकर ₹109.59 प्रति लीटर कर दी गई है यानी ₹21.92 प्रति लीटर का सीधा इजाफा।
कंपनी ने इस बढ़ोतरी के पीछे अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में तेजी को वजह बताया है। इस फैसले का असर अब सीधे उद्योग, ट्रांसपोर्ट और बिजली उत्पादन लागत पर पड़ेगा।
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क्या है पूरा मामला?
IOC ने इंडस्ट्रियल (बल्क) डीजल की कीमतों में बड़ा बदलाव किया है।
- पुरानी कीमत: ₹87.67 प्रति लीटर
- नई कीमत: ₹109.59 प्रति लीटर
- बढ़ोतरी: ₹21.92 प्रति लीटर
इस तरह की तेज बढ़ोतरी से उद्योगों की लागत में तुरंत असर देखने को मिलेगा।
क्या होता है इंडस्ट्रियल डीजल?
इंडस्ट्रियल डीजल दरअसल हाई स्पीड डीजल (HSD) ही होता है लेकिन इसका इस्तेमाल आम वाहनों में नहीं किया जाता। इसे बड़े स्तर पर “बल्क डीजल” के रूप में बेचा जाता है और इसमें सब्सिडी नहीं होती, इसलिए इसकी कीमतें तेजी से बदलती रहती हैं।
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किन सेक्टरों पर पड़ेगा असर?
इंडस्ट्री और DG सेट
फैक्ट्रियां, मॉल, डेटा सेंटर और बड़ी बिल्डिंग्स में बिजली बैकअप के लिए इस्तेमाल होने वाले डीजल जेनरेटर चलाना महंगा होगा।
कंस्ट्रक्शन सेक्टर
JCB, बुलडोज़र और भारी मशीनों की ऑपरेटिंग लागत बढ़ेगी, जिससे इंफ्रा प्रोजेक्ट महंगे हो सकते हैं।
ट्रांसपोर्ट और लॉजिस्टिक्स
ट्रक ऑपरेटर्स और लॉजिस्टिक्स कंपनियों का खर्च बढ़ेगा, जिससे माल ढुलाई महंगी होगी।
कृषि और ग्रामीण क्षेत्र
डीजल पंप और ट्रैक्टर आधारित उपकरण चलाने की लागत बढ़ेगी।
आम आदमी पर कैसे पड़ेगा असर?
हालांकि इंडस्ट्रियल डीजल सीधे आम लोग इस्तेमाल नहीं करते लेकिन इसका असर हर घर तक पहुंचेगा।
- रोजमर्रा के सामान महंगे हो सकते हैं
- ट्रांसपोर्ट चार्ज बढ़ सकते हैं
- बिजली और उत्पादन लागत बढ़ेगी
- कुल मिलाकर महंगाई में इजाफा होगा