Edited By jyoti choudhary,Updated: 14 Feb, 2026 04:37 PM

दिल्ली और हैदराबाद जैसे प्रमुख हवाई अड्डों का संचालन करने वाली कंपनी जीएमआर एयरपोर्ट्स लिमिटेड (जीएएल) का चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में एकीकृत शुद्ध लाभ 14 प्रतिशत घटकर 173.96 करोड़ रुपए रहा। जीएएल ने शेयर बाजार को अक्टूबर-दिसंबर, 2025 तिमाही...
नई दिल्लीः दिल्ली और हैदराबाद जैसे प्रमुख हवाई अड्डों का संचालन करने वाली कंपनी जीएमआर एयरपोर्ट्स लिमिटेड (जीएएल) का चालू वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में एकीकृत शुद्ध लाभ 14 प्रतिशत घटकर 173.96 करोड़ रुपए रहा। जीएएल ने शेयर बाजार को अक्टूबर-दिसंबर, 2025 तिमाही के इस नतीजे की सूचना दी। कंपनी ने पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में 202.10 करोड़ रुपए का शुद्ध लाभ अर्जित किया था। लाभ में आई इस गिरावट का मुख्य कारण एकमुश्त खर्च रहे, जिनमें नए श्रम कानूनों के क्रियान्वयन से जुड़े प्रभाव और तुर्की की कंपनी सेलिबी के साथ अनुबंध समाप्त होने से जुड़े खर्च शामिल हैं।
दिसंबर तिमाही में कंपनी का कुल खर्च बढ़कर 2,293.49 करोड़ रुपए हो गया जिसमें 183.12 करोड़ रुपए के एकमुश्त खर्च शामिल हैं। इनमें से 113.47 करोड़ रुपए सेलिबी के साथ समझौता खत्म होने और 69.65 करोड़ रुपए नए श्रम नियमों के प्रभाव से संबंधित हैं। हालांकि, इस दौरान कंपनी की कुल आय में जबर्दस्त उछाल देखा गया। यह पिछले साल के 2,748.22 करोड़ रुपए से बढ़कर 4,082.77 करोड़ रुपए पर पहुंच गई।
मई, 2025 में सरकार द्वारा सेलिबी ग्रुप की भारत में संचालित इकाइयों की सुरक्षा मंजूरी रद्द किए जाने के बाद, दिल्ली इंटरनेशनल एयरपोर्ट लिमिटेड (डायल) ने उसके साथ समझौता समाप्त कर दिया था। दिल्ली हवाई अड्डे का संचालन करने वाले समूह 'डायल' ने दिसंबर 2025 तिमाही में 231 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ दर्ज किया है जबकि एक साल पहले की समान तिमाही में उसे 243 करोड़ रुपये का घाटा हुआ था।