Kundli Tv- बिल्व पत्र ही नहीं ये चीज़ें भी हैं भोले बाबा के दिल के करीब

Edited By Updated: 04 Aug, 2018 09:24 AM

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शिव पुराण के अनुसार भगवान शंकर का प्रिय बिल्व पत्र है। इसीलिए इनके पूजन में बिल्व पत्र का होना अधिक आवश्यक माना जाता है। सावन के महीने में इनके भक्त इन पर इसे अर्पित करना कभी नहीं भूलते क्योंकि शिव पुराण के अनुसार जो भी इसे भोलेनाथ पर चढ़ाता है,...

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शिव पुराण के अनुसार भगवान शंकर का प्रिय बिल्व पत्र है। इसीलिए इनके पूजन में बिल्व पत्र का होना अधिक आवश्यक माना जाता है। सावन के महीने में इनके भक्त इन पर इसे अर्पित करना कभी नहीं भूलते क्योंकि शिव पुराण के अनुसार जो भी इसे भोलेनाथ पर चढ़ाता है, भोले बाबा उस पर अपनी कृपा अवश्य बरसाते हैं। लेकिन बहुत कम लोगों को पता होगा कि केवल बिल्व पत्र ही नहीं, शिव पुराण में एेसी और भी कई चीज़ों का जिक्र किया गया है जिन्हें शिव शंकर की पूजा में इस्तेमाल किया जा सकता है। तो आईए जानतें हैं उन चीज़ों के बारे में जिन्हें शिव पर अर्पित कर उन्हें प्रसन्न किया जा सकता है। 

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भांग
जैसे कि सबको पता है कि भोलेनाथ को बिल्व के साथ-साथ भांग भी अधिक प्रिय है। ज्योतिष के अनुसार अगर भांग का पत्ता या भांग का शर्बत बनाकर भोलेनाथ को चढ़ाएं तो शिव बड़े प्रसन्न होते हैं। इसका कारण यह है कि भांग एक औषधि है। कहते हैं जब शिव जी ने विष का पान किया था तब जहर का उपचार करने के लिए भांग के पत्तों का इस्तेमाल किया था।

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धतूरा 
शिव पुराण के अनुसार शिव को धतूरा बहुत पसंद है। धतूरे का फल और पत्ता औषधि के रूप में भी काम आता है। शिव जी को धतूरा अर्पित करने वाले को शिव जी धन-धान्य प्रदान करते हैं।

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आक
मान्यता है कि जो भक्त भगवान शिव को आक अर्पित करता है भगवान शिव उसके मानसिक और शारीरिक सभी तरह के कष्ट हर लेते हैं। इतना ही नहीं कहा जाता  है कि जो शिव को आक अर्पित करता है भगवान शिव उनकी गरीबी दूर करते हैं।

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पीपल का पत्ता
पुराणों में उल्लेख मिलता है कि पीपल पर त्रिदेवों का वास होता है। पीपल के पत्तों पर भगवान शिव विराजमान होते हैं। जो भक्त शिव जी को पीपल के पत्ते अर्पित करते हैं शिव जी उन्हें शनि के प्रकोप से बचाते हैं।
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दूर्वा 
दूर्वा यानि घास के बारे पुराणों में बताया गया है कि इनमें अमृत बसा है। भगवान शिव और उनके पुत्र गणेश जी को दूर्वा बेहद पसंद है। भगवान शिव को दूर्वा अर्पित करने से अकाल मृत्यु का भय दूर होता है। 
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