रूस ने मॉस्को में 40 इजराइली नागरिकों को हिरासत में लिया, खाना-पानी तो दूर, बाथरूम तक नहीं जाने दिया, जानें वजह

Edited By Updated: 21 Apr, 2026 12:36 AM

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रूस की राजधानी मॉस्को के डोमोडेडोवो हवाई अड्डे पर कम से कम 40 इजरायली नागरिकों को हिरासत में लिया गया, जिससे इजराइल और रूस के बीच राजनयिक तनाव बढ़ गया है।

इंटरनेशनल डेस्कः रूस की राजधानी मॉस्को के डोमोडेडोवो हवाई अड्डे पर कम से कम 40 इजरायली नागरिकों को हिरासत में लिया गया, जिससे इजराइल और रूस के बीच राजनयिक तनाव बढ़ गया है। रिपोर्टों के अनुसार, इन यात्रियों को इजरायल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध से जुड़े होने के संदेह में रोका गया था।

सुरक्षा बलों की सख्त पूछताछ 
हिरासत में लिए गए यात्रियों ने बताया कि रूसी सुरक्षा बलों ने उनके साथ कड़ा व्यवहार किया। सूत्रों के अनुसार, यात्रियों को कथित तौर पर स्पष्ट शब्दों में कहा गया कि "ईरान रूस का सहयोगी है और तेहरान का कोई भी दुश्मन हमारा भी दुश्मन है"।

  • घंटों की प्रताड़ना: यात्रियों को लगभग पांच घंटे तक हिरासत में रखा गया, जहां उन्हें भोजन, पानी या शौचालय तक जाने की अनुमति नहीं दी गई।
  • फोन की जांच: रूसी अधिकारियों ने यात्रियों को अपने फोन अनलॉक करने के लिए मजबूर करने की कोशिश की, और इनकार करने पर फोन बंद करवा दिए गए।
  • दस्तावेजों पर हस्ताक्षर: इजरायलियों को केवल एक दस्तावेज पर हस्ताक्षर करने के बाद रिहा किया गया, जिसमें "कानून के उल्लंघन की अस्वीकार्यता" और भविष्य में ऐसी गतिविधियों के खिलाफ चेतावनी दी गई थी।

इजराइल की कड़ी प्रतिक्रिया घटना की सूचना मिलते ही इजरायल के विदेश मंत्री गिदोन सार (Gideon Sa'ar) के निर्देश पर विदेश मंत्रालय सक्रिय हुआ। मंत्रालय ने मॉस्को में रूसी विदेश मंत्रालय और इजरायल में रूसी दूतावास दोनों के साथ संपर्क साधा।

इजराइली विदेश मंत्रालय ने एक कड़े बयान में कहा, "रूस को यह समझा दिया गया है कि इस तरह का व्यवहार पूरी तरह से अस्वीकार्य है और इजरायल इस घटना को बहुत गंभीरता से लेता है"। हस्तक्षेप के बाद ही इजरायली यात्रियों को रूस में प्रवेश की अनुमति दी गई।

बढ़ता तनाव
यह घटना तब हुई है जब इजरायल और अमेरिका ने 28 फरवरी को ईरान के खिलाफ एक सैन्य अभियान शुरू किया है, जिसका उद्देश्य ईरान की परमाणु और मिसाइल क्षमताओं को नष्ट करना है। वर्तमान में, ईरान और अमेरिका के बीच एक नाजुक 10 दिवसीय संघर्ष विराम चल रहा है, जिसकी समय सीमा समाप्त होने वाली है। रूस और ईरान के बीच बढ़ती नजदीकी ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चिंता पैदा कर दी है, विशेष रूप से तब जब रूसी सुरक्षा बल सार्वजनिक रूप से ईरान के दुश्मनों को अपना दुश्मन बता रहे हैं।

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