Edited By Rohini Oberoi,Updated: 21 Jan, 2026 12:23 PM

केंद्र सरकार की आयुष्मान भारत योजना (PM-JAY) आज करोड़ों गरीबों और मध्यमवर्गीय परिवारों के लिए वरदान साबित हो रही है लेकिन इस योजना को लेकर आज भी लोगों के मन में कई सवाल हैं। सबसे बड़ा कन्फ्यूजन यह है कि क्या 5 लाख रुपये के मुफ्त इलाज की सुविधा साल...
Ayushman Card Rules: केंद्र सरकार की आयुष्मान भारत योजना (PM-JAY) आज करोड़ों गरीबों और मध्यमवर्गीय परिवारों के लिए वरदान साबित हो रही है लेकिन इस योजना को लेकर आज भी लोगों के मन में कई सवाल हैं। सबसे बड़ा कन्फ्यूजन यह है कि क्या 5 लाख रुपये के मुफ्त इलाज की सुविधा साल में केवल एक बार ही मिलती है? आइए जानते हैं इस योजना की हकीकत और इलाज से जुड़े नियम।
कितनी बार करा सकते हैं इलाज? कोई तय सीमा नहीं!
आयुष्मान कार्ड धारकों के लिए सबसे अच्छी खबर यह है कि इस योजना के तहत इलाज कराने की संख्या पर कोई पाबंदी नहीं है। आप साल भर में 2 बार, 4 बार या जितनी भी बार बीमार पड़ें इस कार्ड का इस्तेमाल कर सकते हैं। आपके इलाज का कुल खर्च एक साल में 5 लाख रुपये से ज्यादा नहीं होना चाहिए। अगर आपने साल के शुरू में 50 हजार का इलाज कराया तो आपके कार्ड में अभी भी 4.5 लाख रुपये बचे हैं जिन्हें आप अगली बार किसी भी बीमारी या सर्जरी के लिए इस्तेमाल कर सकते हैं।

कहां मिलेगा मुफ्त इलाज?
आयुष्मान कार्ड हर अस्पताल में नहीं चलता। इसका लाभ लेने के लिए आपको पैनल (Empaneled) में शामिल अस्पतालों में ही जाना होगा। योजना के तहत सभी सरकारी अस्पताल और हजारों मान्यता प्राप्त निजी (Private) अस्पताल मुफ्त इलाज देते हैं। कैंसर, हृदय रोग, किडनी की समस्या और बड़ी सर्जरी जैसे घुटने का रिप्लेसमेंट भी इसमें शामिल हैं।
अपने पास का अस्पताल कैसे खोजें?
इलाज के लिए अस्पताल ढूंढना अब बहुत आसान हो गया है। आप घर बैठे यह चेक कर सकते हैं:
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वेबसाइट: सबसे पहले आयुष्मान भारत की आधिकारिक वेबसाइट (pmjay.gov.in) पर जाएं।
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Find Hospital: मेनू में 'Find Hospital' के विकल्प पर क्लिक करें।
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सर्च फिल्टर: अपना राज्य और जिला चुनें। आप चाहें तो खास बीमारी (जैसे- आंखों का ऑपरेशन या हार्ट सर्जरी) के हिसाब से भी अस्पताल सर्च कर सकते हैं।
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लिस्ट: आपके सामने उन सभी अस्पतालों के नाम और पते आ जाएंगे जहां आपका कार्ड स्वीकार किया जाएगा।

आयुष्मान कार्ड: महत्वपूर्ण नियम
| मुख्य सवाल |
जवाब |
| सालाना इलाज की लिमिट |
₹5 लाख प्रति परिवार |
| इलाज की संख्या |
कोई सीमा नहीं (असीमित बार) |
| अस्पताल के प्रकार |
सरकारी और रजिस्टर्ड प्राइवेट अस्पताल |
| कौन बनवा सकता है? |
पात्र गरीब और जरूरतमंद परिवार |
| चेक-अप और दवाएं |
भर्ती होने से पहले और बाद का खर्च भी शामिल |