Edited By Parveen Kumar,Updated: 11 Mar, 2026 08:05 PM

देश के कई हिस्सों में एलपीजी सिलेंडर को लेकर बढ़ती चिंताओं के बीच पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने लोगों से घबराकर सिलेंडर बुक करने से बचने की अपील की है। मंत्रालय का कहना है कि पैनिक बुकिंग और अफवाहों के बावजूद घरेलू गैस की सप्लाई सामान्य...
नेशनल डेस्क : देश के कई हिस्सों में एलपीजी सिलेंडर को लेकर बढ़ती चिंताओं के बीच पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने लोगों से घबराकर सिलेंडर बुक करने से बचने की अपील की है। मंत्रालय का कहना है कि पैनिक बुकिंग और अफवाहों के बावजूद घरेलू गैस की सप्लाई सामान्य रूप से जारी है और उपभोक्ताओं को तय समय के भीतर डिलीवरी मिल रही है।
मंत्रालय की ओर से जानकारी दी गई कि हाल के दिनों में गलत सूचनाओं की वजह से कई जगहों पर लोग जरूरत से ज्यादा सिलेंडर बुक करने लगे, जिससे अनावश्यक दबाव बना। अधिकारियों के अनुसार सामान्य परिस्थितियों में घरेलू एलपीजी की औसत डिलीवरी अवधि लगभग ढाई दिन की होती है।
बुकिंग के बीच अंतराल बढ़ाया गया
डिमांड को संतुलित रखने के लिए सरकार ने अस्थायी तौर पर सिलेंडर बुकिंग के बीच का न्यूनतम अंतराल 21 दिन से बढ़ाकर 25 दिन कर दिया है। अधिकारियों का कहना है कि यह कदम केवल मांग को व्यवस्थित करने के लिए उठाया गया है ताकि सभी उपभोक्ताओं तक गैस की उपलब्धता सुनिश्चित की जा सके।
इसके साथ ही वितरण प्रणाली में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए डिलीवरी ऑथेंटिकेशन कोड (DAC) व्यवस्था लागू की गई है। इस प्रणाली का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि सिलेंडर सीधे वास्तविक उपभोक्ता तक पहुंचे और वितरण स्तर पर किसी तरह का दुरुपयोग या डायवर्जन न हो।
घरेलू उपभोक्ताओं को दी जा रही प्राथमिकता
मंत्रालय के अनुसार देश में घरेलू एलपीजी उत्पादन में करीब 25 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है और फिलहाल पूरी आपूर्ति घरेलू उपभोक्ताओं की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए की जा रही है। गैर-घरेलू उपयोग के मामलों में अस्पताल, शैक्षणिक संस्थान और अन्य जरूरी सेवाओं को प्राथमिकता दी जा रही है।
रेस्टोरेंट, होटल और अन्य व्यावसायिक उपभोक्ताओं के लिए एलपीजी आवंटन की समीक्षा करने के लिए तीन सदस्यीय समिति का गठन किया गया है। इंडियन ऑयल, हिंदुस्तान पेट्रोलियम और भारत पेट्रोलियम के वरिष्ठ अधिकारियों वाली यह समिति राज्यों और उद्योग संगठनों के साथ मिलकर वितरण व्यवस्था को संतुलित करने पर काम कर रही है।
कीमतों का बोझ कम करने के लिए सरकारी मदद
सरकार ने यह भी बताया कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतें बढ़ने के बावजूद उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त बोझ न पड़े, इसके लिए लागत का बड़ा हिस्सा सरकार खुद वहन कर रही है। वर्तमान में दिल्ली में घरेलू एलपीजी सिलेंडर की कीमत 913 रुपये है।
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना (PMUY) के लाभार्थियों के लिए हाल में हुई 60 रुपये की बढ़ोतरी का असर औसतन प्रतिदिन एक रुपये से भी कम बैठता है। मंत्रालय के अनुसार जुलाई 2023 के बाद सऊदी कॉन्ट्रैक्ट प्राइस में लगभग 41 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, लेकिन सरकारी सब्सिडी और समर्थन के कारण PMUY उपभोक्ताओं के लिए सिलेंडर की कीमतों में करीब 32 प्रतिशत तक कमी बनी हुई है।
ऑयल कंपनियों को मिला 30,000 करोड़ का पैकेज
एलपीजी वितरण करने वाली तेल विपणन कंपनियों की वित्तीय स्थिति को संतुलित रखने के लिए सरकार ने 30,000 करोड़ रुपये के मुआवजा पैकेज को भी मंजूरी दी है। इस सहायता का उद्देश्य कंपनियों की अंडर-रिकवरी को कम करना और उपभोक्ताओं को स्थिर कीमतों पर गैस उपलब्ध कराना है।
मंत्रालय का कहना है कि इन कदमों के चलते भारत में एलपीजी की कीमतें अब भी कई पड़ोसी देशों की तुलना में कम बनी हुई हैं। साथ ही उपभोक्ताओं से अपील की गई है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और वितरण व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें।