Edited By Mansa Devi,Updated: 19 Feb, 2026 05:58 PM

तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम के स्टालिन ने बृहस्पतिवार को महिलाओं की सुरक्षा को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि तमिलनाडु देश में महिलाओं और बालिकाओं के लिए सबसे सुरक्षित राज्य है।
नेशनल डेस्क: तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एम के स्टालिन ने बृहस्पतिवार को महिलाओं की सुरक्षा को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि तमिलनाडु देश में महिलाओं और बालिकाओं के लिए सबसे सुरक्षित राज्य है। मुख्यमंत्री ने विधानसभा में भाजपा विधायक दल के नेता नैनार नागेंद्रन के आरोपों पर कहा कि केंद्र सरकार के आंकड़े बताते हैं कि महिलाओं की सुरक्षा के मामले में तमिलनाडु की स्थिति सर्वोत्तम है।

उन्होंने दावा किया कि महिलाओं के खिलाफ हिंसा की घटनाएं भाजपा शासित राज्यों में अधिक हो रही हैं। नागेंद्रन ने सदन में आरोप लगाया कि द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (द्रमुक) के पिछले तीन वर्षों के शासन के दौरान राज्य में महिलाओं के खिलाफ अपराधों में 7.51 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। इस पर हस्तक्षेप करते हुए स्टालिन ने कहा, "यदि सदस्य तथ्यों को स्वीकार करने को तैयार हैं, तो मैं प्रमाण सहित स्पष्टीकरण देने को तैयार हूं।" मुख्यमंत्री ने भाजपा नेता से अन्य राज्यों, विशेषकर मणिपुर की स्थिति का भी उल्लेख करने को कहा।
उन्होंने कहा, "जब आप अन्य राज्यों से तुलना करते हैं, खासकर महिलाओं और बच्चों की असुरक्षा तथा हिंसा की घटनाओं के संदर्भ में, तो तमिलनाडु सबसे सुरक्षित राज्य है।" नागेंद्रन ने द्रमुक के राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) को समाप्त करने के वादे का मुद्दा भी उठाया। इस पर मुख्यमंत्री ने कहा, "आपको यह मुद्दा उठाने का अधिकार है। आपकी पार्टी केंद्र में सत्ता में है। क्या आप अब इसे समाप्त करेंगे?"

भाजपा नेता ने तंज किया कि क्या राज्य सरकार को चुनाव से पहले ही 'गर्मी' का अहसास होता है, जब वह महिलाओं को 2,000 रुपये की ग्रीष्मकालीन अनुदान राशि वितरित करती है ? इस पर स्टालिन ने पलटवार करते हुए पूछा, "भाजपा द्वारा प्रत्येक नागरिक को 15 लाख रुपये देने के वादे का क्या हुआ?" विधानसभा में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच कई मुद्दों पर तीखी नोकझोंक हुई। मुख्यमंत्री ने दोहराया कि उनकी सरकार महिलाओं और बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देती है और इस संबंध में राज्य की उपलब्धियां आधिकारिक आंकड़ों से प्रमाणित हैं।
उन्होंने कहा कि तमिलनाडु सरकार महिलाओं के कल्याण और सुरक्षा के लिए विभिन्न योजनाएं लागू कर रही है और अपराध की घटनाओं पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है। सदन में हुई चर्चा के दौरान दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर वादाखिलाफी और तथ्यों को तोड़-मरोड़ कर पेश करने के आरोप लगाए। हालांकि, मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा के मामले में तमिलनाडु देश में अग्रणी है और राज्य सरकार इस दिशा में अपनी प्रतिबद्धता पर कायम है।