Edited By Parveen Kumar,Updated: 25 Mar, 2026 06:58 PM

बुधवार (25 मार्च) को दिल्ली विधानसभा में एक अनोखा और नाटकीय दृश्य देखने को मिला। PWD मंत्री Parvesh Sahib Singh ने सदन के बीच एक लंबा सफेद कागज़ खोलकर रखा। उन्होंने दावा किया कि इसमें पूर्व मुख्यमंत्री Arvind Kejriwal के सरकारी बंगले के निर्माण और...
नेशनल डेस्क : बुधवार (25 मार्च) को दिल्ली विधानसभा में एक अनोखा और नाटकीय दृश्य देखने को मिला। PWD मंत्री Parvesh Sahib Singh ने सदन के बीच एक लंबा सफेद कागज़ खोलकर रखा। उन्होंने दावा किया कि इसमें पूर्व मुख्यमंत्री Arvind Kejriwal के सरकारी बंगले के निर्माण और नवीनीकरण में हुई कथित गड़बड़ियों और खर्च का पूरा विवरण है।
बंगले पर खर्च को लेकर लगाए आरोप
मंत्री के मुताबिक, इस कागज़ में बंगले के निर्माण पर हुए खर्च की पूरी सूची दी गई थी। इसमें किचन, महंगी सजावट, स्पा, वेलनेस सेंटर, जिम और जकूज़ी जैसी सुविधाओं पर खर्च का जिक्र किया गया। उन्होंने यह भी कहा कि मुख्य घर के साथ एक दूसरा “शीश महल” भी बनाया जा रहा था।
CAG रिपोर्ट पर चर्चा के दौरान उठा मामला
यह मामला उस समय उठा जब मुख्यमंत्री Rekha Gupta ने सोमवार को विधानसभा में CAG (नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक) की रिपोर्ट पेश की थी। उसी पर चर्चा के दौरान BJP ने यह मुद्दा उठाया।
AAP ने सत्र का किया बहिष्कार
इस दौरान आम आदमी पार्टी (AAP) के विधायक सदन में मौजूद नहीं थे। जानकारी के अनुसार, जनवरी में चार विधायकों के निलंबन के बाद AAP ने बजट सत्र का बहिष्कार कर रखा है।
‘वादों के खिलाफ लिया बंगला’- मंत्री
सदन में बोलते हुए मंत्री ने कहा कि जब Arvind Kejriwal मुख्यमंत्री बने थे, तब उन्होंने सरकारी घर और सुविधाएं न लेने की बात कही थी। लेकिन मंत्री के अनुसार:
- शपथ लेने के 20 दिन के भीतर ही बंगला ले लिया गया
- 4 मार्च 2015 को 6 फ्लैगस्टाफ रोड वाला बंगला अपने नाम कराया गया
कोविड के समय भी निर्माण का आरोप
मंत्री ने आरोप लगाया कि 2020 में जब दिल्ली कोरोना महामारी से जूझ रही थी, तब भी “शीश महल” का निर्माण जारी था। उन्होंने फिल्म ‘धुरंधर’ के एक किरदार का जिक्र करते हुए केजरीवाल पर तीखा हमला किया और उन्हें “दिल्ली का डकैत” बताया।
चुनाव में भी बना था मुद्दा
सिविल लाइंस स्थित इस बंगले को BJP पहले भी “शीश महल” कहकर निशाना बना चुकी है। 2025 के विधानसभा चुनाव में भी यह एक बड़ा चुनावी मुद्दा था।