Edited By jyoti choudhary,Updated: 13 Jan, 2026 01:40 PM

केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा है कि भारत से इलेक्ट्रॉनिक उत्पादों का निर्यात 2025 में चार लाख करोड़ रुपए से अधिक हो गया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि 2026 में यह रफ्तार और तेज होगी क्योंकि देश में चार सेमीकंडक्टर संयंत्र व्यावसायिक उत्पादन...
नई दिल्लीः केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा है कि भारत से इलेक्ट्रॉनिक उत्पादों का निर्यात 2025 में चार लाख करोड़ रुपए से अधिक हो गया है। उन्होंने उम्मीद जताई कि 2026 में यह रफ्तार और तेज होगी क्योंकि देश में चार सेमीकंडक्टर संयंत्र व्यावसायिक उत्पादन शुरू करने जा रहे हैं।
सोशल मीडिया पर साझा जानकारी में मंत्री ने कहा कि इलेक्ट्रॉनिक निर्यात में बढ़ोतरी से रोजगार सृजन हुआ है और विदेशी मुद्रा आय में भी मजबूती आई है। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, वित्त वर्ष 2024-25 में इलेक्ट्रॉनिक उत्पादन लगभग 11.3 लाख करोड़ रुपए तक पहुंच गया, जबकि निर्यात करीब 3.3 लाख करोड़ रुपए रहा।
देश के इलेक्ट्रॉनिक विनिर्माण क्षेत्र में फिलहाल मोबाइल फोन उद्योग का दबदबा बना हुआ है। उद्योग अनुमानों के मुताबिक, इस सेक्टर में 25 लाख से अधिक लोग रोजगार पा रहे हैं। मंत्री द्वारा साझा रिपोर्ट के अनुसार, 2025 में भारत से आईफोन का निर्यात 2.03 लाख करोड़ रुपए तक पहुंच गया, जो 2024 में एप्पल के 1.1 लाख करोड़ रुपए के निर्यात से लगभग दोगुना है।
मोबाइल निर्माताओं के संगठन इंडिया सेल्युलर एंड इलेक्ट्रॉनिक्स एसोसिएशन (ICEA) के मुताबिक, चालू वित्त वर्ष 2025-26 के अंत तक भारत में मोबाइल फोन का उत्पादन 75 अरब डॉलर (करीब 6.76 लाख करोड़ रुपए) तक पहुंच सकता है। इसमें से लगभग 30 अरब डॉलर (2.7 लाख करोड़ रुपए) का निर्यात होने की संभावना है। पिछले वित्त वर्ष 2024-25 में देश में 5.5 लाख करोड़ रुपए के मोबाइल फोन का उत्पादन हुआ था और निर्यात करीब दो लाख करोड़ रुपए रहा।
बाजार अनुसंधान कंपनी काउंटरपॉइंट के सह-संस्थापक नील शाह के अनुसार, चीन पर अमेरिकी शुल्क के बाद एप्पल ने भारत में विनिर्माण का तेजी से विस्तार किया है, जिससे भारत वैश्विक निर्यात केंद्र के रूप में उभरा है। उन्होंने कहा कि 2025 में भारत में बने हर चार स्मार्टफोन में से एक का निर्यात किया जाएगा।
वहीं, इंटरनेशनल डेटा कॉर्पोरेशन (IDC) की रिपोर्ट के अनुसार, 2025 की तीसरी तिमाही में एप्पल ने घरेलू बाजार के लिए 50 लाख आईफोन की रिकॉर्ड आपूर्ति दर्ज की, जिससे प्रीमियम और सुपर-प्रीमियम स्मार्टफोन सेगमेंट में बाजार को मजबूती मिली।