वेनेजुएला में अमेरिकी आक्रमण पर छिड़ी अंतर्राष्ट्रीय बहस ! मियामी में लोगों ने सड़कों पर जश्न मनाया, ब्राज़ील ने दी तीखी प्रतिक्रिया (Video)

Edited By Updated: 03 Jan, 2026 07:40 PM

damage in la carlota became clear in daylight brazil condemns us attack

अमेरिका द्वारा वेनेजुएला में किए गए सैन्य हमलों और राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की गिरफ्तारी के बाद नया विवाद खड़ा हो गया है। कांग्रेस को कार्रवाई के बाद सूचना दी गई। कराकस में भारी नुकसान दिखा, जबकि मियामी में जश्न और ब्राज़ील ने इसे संप्रभुता उल्लंघन...

International Desk: वेनेजुएला संकट में अमेरिका की सैन्य कार्रवाई के बाद संवैधानिक, कानूनी और अंतरराष्ट्रीय विवाद गहराता जा रहा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, ट्रंप प्रशासन ने वेनेजुएला में मादुरो को पकड़ने के ऑपरेशन की जानकारी अमेरिकी कांग्रेस को कार्रवाई पूरी होने के बाद दी।सूत्रों के अनुसार, प्रशासन ने इस कदम को अमेरिकी संविधान के अनुच्छेद-II के तहत सही ठहराया, जो राष्ट्रपति को सेना का कमांडर-इन-चीफ बनाता है। विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने सीनेटर माइक ली को बताया कि यह “काइनेटिक एक्शन” अमेरिकी कर्मियों की सुरक्षा के लिए था, जो मादुरो के खिलाफ गिरफ्तारी वारंट को लागू कर रहे थे। हालांकि, यह परंपरा से हटकर कदम माना जा रहा है, क्योंकि पहले ऐसी सैन्य कार्रवाइयों से पहले कांग्रेस नेतृत्व को सूचित किया जाता रहा है।

 

वीडियो में देखें कराकस एयर बेस की तबाही
दिन की रोशनी में सामने आए दृश्यों में कराकस के ला कार्लोटा एयर बेस के भीतर जले हुए टैंक, नष्ट बसें और कई झुलसे वाहन दिखाई दिए। बम धमाकों से बेस की बाड़ टेढ़ी हो गई और पास की स्ट्रीट लाइट गिर गई, जिससे हमलों की तीव्रता का अंदाजा लगाया जा रहा है।

 

मियामी-चिली में जश्न
दूसरी ओर, मियामी में वेनेजुएला मूल के लोगों ने सड़कों पर उतरकर जश्न मनाया। झंडे लहराए गए, गाड़ियां हॉर्न बजाती दिखीं। कई लोगों ने इसे “नार्को-टेरर शासन के अंत” के रूप में देखा और भावुक क्षणों में वर्षों के संघर्ष को याद किया। अमेरिका के मादुरो को पकड़ने के बाद चिली की राजधानी में वेनेजुएला के लोगों ने जश्न मनाया।

 

 

 

 

यह सुनने के बाद कि अमेरिका ने एक अचानक मिलिट्री ऑपरेशन में मादुरो को पकड़ लिया है, चिली की राजधानी सैंटियागो की सड़कों पर सैकड़ों वेनेजुएला के लोग उतर आए। लोगों ने वेनेजुएला के झंडे लहराए, गाना गाया और डांस किया, कई लोगों की आँखों में आँसू थे, और उन्होंने कहा कि उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि वे यह पल देखेंगे।देश छोड़कर भागे कई लोगों के लिए, यह सालों तक दूर से सब कुछ देखने के बाद एक टर्निंग पॉइंट जैसा लगा। यह ऑपरेशन विवादित है, लेकिन सैंटियागो में माहौल साफ़ था: कुछ बहुत बड़ा हुआ है।

 

ब्राज़ील की तीखी प्रतिक्रिया
ब्राज़ील के राष्ट्रपति लूला दा सिल्वा ने इस कार्रवाई की कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा कि वेनेजुएला की धरती पर बमबारी और राष्ट्रपति की गिरफ्तारी अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन और लैटिन अमेरिका की संप्रभुता के लिए खतरनाक मिसाल है। लूला ने संयुक्त राष्ट्र से सख्त प्रतिक्रिया की मांग की और चेतावनी दी कि ऐसी कार्रवाइयां दुनिया को अराजकता और अस्थिरता की ओर ले जा सकती हैं।

 

कानूनी बहस अब इस बात पर केंद्रित है कि क्या “गिरफ्तारी वारंट लागू करने की सुरक्षा” का तर्क इस सैन्य कार्रवाई को वैध ठहराता है या नहीं। अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजरें अब संयुक्त राष्ट्र और वैश्विक शक्तियों की अगली प्रतिक्रिया पर टिकी हैं।

Related Story

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!