Edited By Pardeep,Updated: 08 Jun, 2026 03:37 AM

मध्य पूर्व में एक बार फिर युद्ध की भीषण चिंगारी भड़क उठी है। ईरान ने रविवार को उत्तरी इजरायल पर बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला किया है, जिसने पिछले दो महीनों से जारी नाजुक संघर्ष विराम को पूरी तरह तोड़ दिया है।
यरूशलम/तेहरान: मध्य पूर्व में एक बार फिर युद्ध की भीषण चिंगारी भड़क उठी है। ईरान ने रविवार को उत्तरी इजराइल पर बैलिस्टिक मिसाइलों से हमला किया है, जिसने पिछले दो महीनों से जारी नाजुक संघर्ष विराम को पूरी तरह तोड़ दिया है। इस हमले के बाद इजराइल में हड़कंप मच गया है और सुरक्षा के मद्देनजर सरकार ने सोमवार को पूरे देश में स्कूलों को बंद करने का आदेश जारी किया है।
संघर्ष विराम के बाद पहला हमला
इजरायली सेना के अनुसार, दो महीने पहले अमेरिका-इजराइल और ईरान के बीच हुए संघर्ष विराम के बाद यह इस तरह का पहला हमला है। ईरानी अधिकारियों ने यह कदम इजरायल द्वारा लेबनान की राजधानी बेरूत के दक्षिणी इलाकों में की गई बमबारी के विरोध में उठाया है, जिसे इजरायल हिजबुल्लाह के खिलाफ अपना अभियान बता रहा है। हालांकि, शुरुआती खबरों के मुताबिक ईरानी मिसाइल हमले में फिलहाल किसी के हताहत होने की जानकारी नहीं मिली है।
शेल्टरों के पास रहने की हिदायत
इजराइल के 'होम फ्रंट कमांड' ने हमले के तुरंत बाद नागरिकों के लिए विशेष सुरक्षा निर्देश जारी किए हैं। लोगों को बम शेल्टरों (सुरक्षा आश्रयों) के पास रहने और किसी भी आगामी निर्देश का सख्ती से पालन करने को कहा गया है। सैन्य अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि ईरान और इजराइल के बीच तनाव अब और अधिक बढ़ सकता है, जिससे हालात बेकाबू होने का खतरा है।
फरवरी की जंग और वैश्विक संकट
गौरतलब है कि इसी साल फरवरी के अंत में अमेरिका और इजराइल ने ईरान पर एक भीषण हवाई हमला किया था, जिसमें हजारों लोग (मुख्य रूप से ईरान और लेबनान के नागरिक) मारे गए थे। इसके जवाब में ईरान ने मिसाइलों और ड्रोनों की बौछार कर सामरिक रूप से महत्वपूर्ण होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद कर दिया था, जिससे वैश्विक अर्थव्यवस्था और समुद्री व्यापार को भारी झटका लगा था। अप्रैल की शुरुआत से ही तीनों पक्ष एक अस्थिर शांति समझौते का पालन कर रहे थे।