Edited By Tanuja,Updated: 15 Mar, 2026 03:32 PM

इजरायल ने बेरूत में हिज़्बुल्लाह की एलीट रदवान फोर्स के कमांड सेंटर और दक्षिण लेबनान के कई लॉन्च साइट्स पर हमले किए। संघर्ष में अब तक लेबनान में 826 लोगों की मौत हो चुकी है। इस बीच लेबनान ने संघर्षविराम के बाद इजरायल के साथ संभावित शांति वार्ता के...
International Desk: मध्य-पूर्व में बढ़ते सैन्य संघर्ष के बीच इजरायल ने लेबनान की राजधानी बेरूत में हिज़्बुल्लाह के ठिकानों पर बड़े हवाई हमले किए हैं। रिपोर्ट के अनुसार इन हमलों में हिज़्बुल्लाह की एलीट यूनिट के कमांड सेंटर को निशाना बनाया गया। इजरायली सेना Israel Defense Forces (IDF) ने कहा कि उसने हिज़्बुल्लाह की विशेष इकाई Radwan Force के “कमांड सेंटर” को निशाना बनाया। यह इकाई Hezbollah की सबसे प्रशिक्षित और आक्रामक लड़ाकू इकाइयों में मानी जाती है, जो इजरायल के खिलाफ सीमा पार अभियानों के लिए जानी जाती है।
इजरायल ने बताया कि दक्षिण लेबनान के अल-कत्रानी क्षेत्र में मौजूद हिज़्बुल्लाह के कई रॉकेट लॉन्च साइट्स को भी नष्ट किया गया। इन हमलों का उद्देश्य संगठन की सैन्य क्षमता को कमजोर करना बताया गया है। रिपोर्ट के अनुसार 28 फरवरी से शुरू हुए अमेरिकी-इजरायली सैन्य अभियान के बाद से लेबनान में हिंसा का भारी असर पड़ा है। अब तक कम से कम 826 लोगों की मौत व हजारों लोग घायल हो चुके हैं। कई इलाकों में भारी तबाही की खबरें सामने आई हैं। संघर्ष के बीच लेबनान ने संकेत दिया है कि वह इजरायल के साथ सीधी शांति वार्ता के लिए तैयार हो सकता है।
हालांकि लेबनानी संसद के स्पीकर Nabih Berri ने कहा कि किसी भी बातचीत से पहले सीजफायर जरूरी होगा। रिपोर्ट के अनुसार इजरायल के प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu ने अपने करीबी सलाहकार Ron Dermer को संभावित वार्ता का नेतृत्व करने के लिए नियुक्त किया है। वहीं अमेरिका की ओर से Jared Kushner भी इस प्रक्रिया में भूमिका निभा सकते हैं। बताया जा रहा है कि संभावित वार्ता Paris या Cyprus में हो सकती है। विश्लेषकों का मानना है कि अगर संघर्ष और बढ़ा तो इजरायल लेबनान में 2006 के युद्ध के बाद सबसे बड़ा जमीनी सैन्य अभियान शुरू कर सकता है।