Edited By Tanuja,Updated: 10 Jan, 2026 04:23 PM

बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदुओं पर हिंसा की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। मामूली कर्ज को लेकर अपमान और मारपीट से आहत 19 वर्षीय हिंदू युवक जॉय मोहापात्रा ने जहर खाकर जान दे दी। बीते 22 दिनों में यह आठवीं ऐसी घटना है।
International Desk: बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय के खिलाफ हिंसा की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। ताजा मामला सुनामगंज जिले के दिराई उपजिला का है, जहां 19 वर्षीय हिंदू युवक जॉय मोहापात्रा ने कथित अपमान, मारपीट और धमकी से आहत होकर जहर खा लिया। इलाज के दौरान शुक्रवार को सिलहट के एमएजी उस्मानी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में उसकी मौत हो गई। स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, जॉय ने एक दुकानदार अमिरुल इस्लाम से 5,500 टका का मोबाइल फोन खरीदा था। उसने 2,000 टका नकद दिए थे और शेष रकम 500 टका की साप्ताहिक किस्तों में चुकाने पर सहमति हुई थी।
आरोप है कि अंतिम किस्त में देरी होने पर दुकानदार ने जॉय के साथ मारपीट की, उसे अपमानित किया और उसका मोबाइल फोन जब्त कर लिया। जॉय के चचेरे भाई अयान दास के अनुसार, गुरुवार शाम को जॉय ने जहर खाने की बात स्वीकार की थी। पहले उसे दिराई उपजिला स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया, जहां हालत बिगड़ने पर डॉक्टरों ने सिलहट रेफर किया, लेकिन उसकी जान नहीं बच सकी। जॉय की मां शेली मोहापात्रा ने आरोप लगाया कि पैसे न मिलने पर दुकानदारों ने उनके बेटे को थप्पड़ मारे और मोबाइल छीन लिया।
पुलिस ने घटना की पुष्टि की है और कहा है कि शिकायत मिलने पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। यह घटना बीते 22 दिनों में हिंदुओं के खिलाफ आठवीं हिंसक मौत है। इससे पहले नाओगांव, नरसिंदी, जशोर, शरियतपुर और मैमनसिंह जिलों में हिंदुओं की मॉब लिंचिंग, गोली मारकर हत्या और हमलों की कई घटनाएं सामने आ चुकी हैं। लगातार हो रही इन घटनाओं पर भारत ने गंभीर चिंता जताई है और कहा है कि वह बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों की स्थिति पर नजर बनाए हुए है तथा उम्मीद करता है कि वहां की सरकार सांप्रदायिक हिंसा पर सख्त कदम उठाएगी।