Edited By Anu Malhotra,Updated: 04 Sep, 2023 01:21 PM

भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) ने अपना एक अहम साइंटिस्ट खो गिया। इसरो की एक वैज्ञानिक वलारमथी का निधन हो गया। हार्ट अटैक के चलते उन्होंने रविवार को आखिरी सांस ली। बता दें कि वलारमथी श्रीहरिकोटा में रॉकेट लॉन्च की उलटी गिनती में अपनी आवाज...
नेशनल डेस्क: भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) ने अपना एक अहम साइंटिस्ट खो गिया। इसरो की एक वैज्ञानिक वलारमथी का निधन हो गया। भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) के ‘चंद्रयान-3 अभियान सहित इसके कई अभियानों की उल्टी गिनती के लिए अपनी आवाज देने वाली वैज्ञानित एन. वलारमती का चेन्नई में दिल का दौरा पड़ने के बाद निधन हो गया। एक अधिकारी ने सोमवार को यह जानकारी दी। इसरो के अधिकारी ने बताया कि वलारमती ने चेन्नई के अस्पताल में अंतिम श्वांस ली। बताया जाता है कि ‘चंद्रयान-3' उनका आखिरी उल्टी गिनती कार्यक्रम था। वलारमती के निधन के बाद कई लोगों ने संवेदनाएं प्रकट कीं। उनके निधन पर दुख जताने वालों में केंद्रीय मंत्री राजीव चंद्रशेखर भी शामिल थे।
अधिकतर लोगों ने कई प्रक्षेपणों के दौरान इसरो के श्रीहरिकोटा अंतरिक्ष केंद्र में मिशन नियंत्रण केंद्र से गूंजती उनकी उलटी गिनती को याद किया। इसरो के पूर्व निदेशक डॉ. पी वी वेंकटकृष्णन ने कहा, ‘‘श्रीहरिकोटा से इसरो के भविष्य के मिशनों की उलटी गिनती के समय अब वलारमती मैडम की आवाज नहीं सुनाई देगी।'' उन्होंने ‘एक्स' पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘चंद्रयान 3 उनकी अंतिम उलटी गिनती की घोषणा थी। अप्रत्याशित निधन। बहुत दुख हो रहा है। प्रणाम।'' अपने सोशल मीडिया पोस्ट में चंद्रशेखर ने वलारमती के निधन पर दुख व्यक्त किया। उद्यमिता, कौशल विकास, इलेक्ट्रॉनिक्स और प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री ने कहा, ‘‘चंद्रयान 3 सहित इसरो के कई प्रक्षेपण कार्यक्रम की उल्टी गिनती के पीछे उनकी आवाज होती थी। एन. वलारमती जी के निधन के बारे में सुनकर दुख हुआ।'' उन्होंने कहा, ‘‘उनके परिवार और दोस्तों के प्रति मेरी संवेदनाएं। ओम शांति।''