Edited By Anu Malhotra,Updated: 12 May, 2026 08:23 AM

छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहां कटे हुए तरबूज को खाने के बाद 15 साल के एक किशोर की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य बच्चे गंभीर रूप से बीमार पड़ गए। घटना के बाद पूरे इलाके में डर का माहौल है।
नेशनल डेस्क: छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहां कटे हुए तरबूज को खाने के बाद 15 साल के एक किशोर की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य बच्चे गंभीर रूप से बीमार पड़ गए। घटना के बाद पूरे इलाके में डर का माहौल है। यह मामला जांजगीर-चांपा जिले के घुरकोट गांव का है। जानकारी के अनुसार, 15 वर्षीय अखिलेश धीवर अपने रिश्तेदारों के घर घूमने आया हुआ था। रविवार शाम को घर में रखा पहले से कटा हुआ तरबूज बच्चों ने खाया। कुछ समय बाद अखिलेश की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी। परिजनों के मुताबिक, उसे उल्टी, दस्त और सांस लेने में परेशानी होने लगी। बाद में यही लक्षण घर के तीन अन्य बच्चों में भी दिखाई दिए। हालत बिगड़ने पर सभी बच्चों को अलग-अलग समय पर एम्बुलेंस से जिला अस्पताल पहुंचाया गया।
अस्पताल पहुंचते ही डॉक्टरों ने मृत घोषित किया
जिला अस्पताल पहुंचने पर डॉक्टरों ने अखिलेश को मृत घोषित कर दिया। वहीं तीन अन्य बच्चों का इलाज अस्पताल में जारी है। बीमार बच्चों की पहचान श्री धीवर (4), पिंटू धीवर (12) और हितेश धीवर (13) के रूप में हुई है।
फूड प्वाइजनिंग की आशंका
जिला अस्पताल के डाॅक्टर ने बताया कि तरबूज सुबह काटा गया था और कई घंटों बाद बच्चों ने उसे खाया। लंबे समय तक कटे फल खुले में रखने से उनमें बैक्टीरिया या संक्रमण पनप सकता है। शुरुआती जांच में मामला फूड प्वाइजनिंग का लग रहा है। उन्होंने बताया कि मृतक के शव का पोस्टमार्टम कराया गया है और विसरा जांच के लिए भेजा गया है। साथ ही घर में रखा दूसरा तरबूज भी खाद्य सुरक्षा विभाग ने लैब जांच के लिए कब्जे में लिया है।
जांच रिपोर्ट के बाद साफ होगी वजह
प्रशासन का कहना है कि मौत और बच्चों की बीमारी की असली वजह फॉरेंसिक और लैब रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो पाएगी। फिलहाल स्वास्थ्य विभाग मामले की गंभीरता से जांच कर रहा है।
डॉक्टरों की सलाह
स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों को सलाह दी है कि गर्मियों में कटे हुए फल लंबे समय तक खुले में न रखें। खासकर तरबूज जैसे फलों को काटने के बाद तुरंत खाना ज्यादा सुरक्षित माना जाता है।