Edited By Anu Malhotra,Updated: 09 Feb, 2026 12:30 PM

होली का नाम सुनते ही घर की याद सताने लगती है, लेकिन ट्रेनों में 'नो रूम' और लंबी वेटिंग लिस्ट अक्सर रंग में भंग डाल देती है। 15 फरवरी के बाद से ही ट्रेनों में पैर रखने की जगह नहीं है, खासकर यूपी-बिहार जाने वाली गाड़ियां हाउसफुल हो चुकी हैं।...
Railway Special Trains: होली का नाम सुनते ही घर की याद सताने लगती है, लेकिन ट्रेनों में 'नो रूम' और लंबी वेटिंग लिस्ट अक्सर रंग में भंग डाल देती है। 15 फरवरी के बाद से ही ट्रेनों में पैर रखने की जगह नहीं है, खासकर यूपी-बिहार जाने वाली गाड़ियां हाउसफुल हो चुकी हैं। यात्रियों की इसी बेबसी को देखते हुए भारतीय रेलवे ने एक बड़ा राहत भरा कदम उठाया है। इस बार होली के हुड़दंग में शामिल होने के लिए रेलवे देशभर में 1410 स्पेशल ट्रेनें चलाने जा रहा है, ताकि लाखों लोग बिना किसी परेशानी के अपनों के पास पहुँच सकें।
उत्तर भारत के यात्रियों की होगी 'बल्ले-बल्ले'
इन स्पेशल ट्रेनों में से 108 ट्रेनें अकेले उत्तर रेलवे के बेड़े से निकलेंगी। ये ट्रेनें मुख्य रूप से दिल्ली-एनसीआर के बड़े स्टेशनों से रवाना होंगी, जिससे गुरुग्राम, नोएडा और गाजियाबाद जैसे शहरों में रहने वाले कामकाजी लोगों को घर जाने का सीधा मौका मिलेगा। उत्तर रेलवे के जीएम अशोक कुमार वर्मा के अनुसार, स्टेशनों पर बढ़ती भीड़ को काबू करने और सुरक्षा चाक-चौबंद रखने के लिए खास तैयारियाँ की गई हैं।
डिमांड के हिसाब से बढ़ेंगी और ट्रेनें
रेलवे प्रशासन की पैनी नजर हर उस रूट पर है जहां यात्रियों का दबाव सबसे ज्यादा है। अधिकारियों का कहना है कि अगर किसी रूट पर वेटिंग लिस्ट बहुत लंबी होती है, तो वहां तुरंत अतिरिक्त ट्रेनें जोड़ने का फैसला लिया जाएगा। मकसद साफ है-कोई भी यात्री स्टेशन पर परेशान न हो।
हजरत निजामुद्दीन से दुर्ग के बीच विशेष सौगात
छत्तीसगढ़ जाने वाले यात्रियों के लिए रेलवे ने एक खास ट्रेन का शेड्यूल जारी किया है। दुर्ग से हजरत निजामुद्दीन के बीच 1 और 2 मार्च को सुबह 10:45 बजे ट्रेन रवाना होगी, जो अगले दिन सुबह दिल्ली पहुँचेगी। वापसी में यही ट्रेन 2 और 3 मार्च को दोपहर 12:30 बजे दिल्ली से चलकर अगले दिन शाम को दुर्ग पहुँचेगी।
इन स्टेशनों पर होगा ठहराव
इस स्पेशल ट्रेन में एसी से लेकर जनरल तक हर श्रेणी के कोच होंगे। यह ट्रेन रास्ते में मथुरा, आगरा, झांसी, सागर, दमोह, कटनी, उमरिया, शहडोल, अनूपपुर और रायपुर जैसे प्रमुख स्टेशनों पर रुकते हुए जाएगी। इससे मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के यात्रियों को भी बड़ा सहारा मिलेगा।