Edited By Sahil Kumar,Updated: 30 Jan, 2026 07:43 PM

आम बजट 2026 से पहले रेलवे यात्रियों के लिए राहत की खबर है। सरकार सीनियर सिटीजंस को ट्रेन टिकट पर मिलने वाली पुरानी छूट बहाल करने पर विचार कर रही है। मंजूरी मिलने पर महिलाओं को 50% और पुरुषों को 40% तक किराए में छूट मिल सकती है। यह सुविधा सभी...
नेशनल डेस्कः आम बजट 2026 से पहले करोड़ों रेल यात्रियों के लिए एक बड़ी खुशखबरी सामने आ रही है। केंद्र सरकार वरिष्ठ नागरिकों को ट्रेन टिकट पर मिलने वाली पुरानी रियायत को दोबारा शुरू करने पर विचार कर रही है। यदि इस प्रस्ताव को मंजूरी मिलती है, तो बुजुर्ग महिलाओं को 3000 रुपये का टिकट सिर्फ 1500 रुपये में और पुरुषों को 1800 रुपये में मिल सकता है। यह फैसला कोरोना काल के बाद वरिष्ठ यात्रियों के लिए बड़ी राहत साबित हो सकता है।
यूनियन बजट 2026 पर टिकी हैं यात्रियों की नजरें
देशभर के रेल यात्री आगामी यूनियन बजट 2026 से कई उम्मीदें लगाए बैठे हैं। हर साल की तरह इस बार भी आम आदमी को उम्मीद है कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण बजट में उनकी जेब को राहत देने वाले कुछ अहम ऐलान करेंगी। इसी बीच, सीनियर सिटीजंस के लिए टिकट किराए में छूट बहाल किए जाने की खबर ने यात्रियों की उम्मीदें बढ़ा दी हैं।
सीनियर सिटीजंस को फिर मिल सकती है पुरानी रियायत
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, भारतीय रेलवे कोरोना महामारी से पहले लागू सीनियर सिटीजन कंसेशन को फिर से शुरू करने पर गंभीरता से विचार कर रहा है। बताया जा रहा है कि इस मुद्दे पर रेल मंत्रालय और वित्त मंत्रालय के बीच बातचीत भी हो चुकी है। यदि बजट 2026 में इस प्रस्ताव को हरी झंडी मिलती है, तो यह वरिष्ठ नागरिकों के लिए किसी बड़े तोहफे से कम नहीं होगा।
किन यात्रियों को मिलेगा लाभ?
- 58 वर्ष या उससे अधिक उम्र की महिला यात्रियों को सभी श्रेणियों में 50 प्रतिशत तक की छूट मिलेगी।
- 60 वर्ष या उससे अधिक उम्र के पुरुष यात्रियों को 40 प्रतिशत तक की छूट का लाभ मिलेगा।
यह छूट स्लीपर क्लास से लेकर एसी फर्स्ट क्लास तक लागू हो सकती है, जिससे लंबी दूरी की यात्रा करने वाले बुजुर्गों को बड़ी आर्थिक राहत मिलेगी।
3000 रुपये का टिकट आधी कीमत में
कोरोना से पहले लागू नियमों के अनुसार, यदि किसी महिला वरिष्ठ नागरिक का टिकट 3000 रुपये का है, तो उसे सिर्फ 1500 रुपये ही चुकाने होंगे। वहीं, पुरुष वरिष्ठ नागरिकों को 40 प्रतिशत छूट मिलने पर उसी टिकट के लिए केवल 1800 रुपये का भुगतान करना पड़ेगा। इससे तीर्थ यात्रा, पारिवारिक मिलन और जरूरी सफर काफी सस्ता हो जाएगा।
कोरोना काल में क्यों रोकी गई थी छूट?
मार्च 2020 में कोविड-19 महामारी के दौरान सरकार ने अनावश्यक यात्राओं को रोकने और सोशल डिस्टेंसिंग सुनिश्चित करने के उद्देश्य से सीनियर सिटीजन कंसेशन को अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया था। हालांकि अब हालात पूरी तरह सामान्य हो चुके हैं और रेलवे की आर्थिक स्थिति में भी सुधार आया है, इसके बावजूद यह सुविधा अभी तक बहाल नहीं हो पाई थी।
इस छूट की सबसे खास बात इसकी सरल प्रक्रिया थी। टिकट बुक करते समय यात्रियों को केवल अपनी सही उम्र दर्ज करनी होती थी। चाहे टिकट IRCTC की वेबसाइट से लिया जाए या रेलवे रिजर्वेशन काउंटर से, उम्र सत्यापित होते ही किराए में छूट अपने आप लागू हो जाती थी। न तो किसी अतिरिक्त दस्तावेज की जरूरत पड़ती थी और न ही किसी अलग कार्ड की।