Edited By Pardeep,Updated: 02 Jan, 2026 05:37 AM

उत्तर प्रदेश में साल 2026 की शुरुआत कड़ाके की ठंड और घने कोहरे के साथ हुई है।
नेशनल डेस्कः उत्तर प्रदेश में साल 2026 की शुरुआत कड़ाके की ठंड और घने कोहरे के साथ हुई है। ठिठुराने वाली शीतलहर ने आम जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। सड़कों पर दृश्यता बेहद कम हो गई है और सुबह-शाम घर से निकलना मुश्किल हो रहा है। इसी को देखते हुए राज्य सरकार और जिला प्रशासन ने बच्चों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए बड़ा फैसला लिया है।
प्रदेश के अधिकतर जिलों में कक्षा 1 से 8वीं तक के सभी सरकारी, निजी और सहायता प्राप्त स्कूलों को 14 जनवरी 2026 तक बंद रखने के आदेश जारी किए गए हैं। यह आदेश छात्रों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखकर लिया गया है।
इन जिलों में सख्ती से लागू हुआ स्कूल बंद का आदेश
स्कूल बंद करने का फैसला खासतौर पर उन जिलों में लिया गया है जहां ठंड और कोहरे का असर सबसे ज्यादा है। इनमें शामिल हैं— लखनऊ, मथुरा, कानपुर, प्रयागराज, नोएडा, आगरा और गाजियाबाद। इन इलाकों में सुबह के समय घना कोहरा छाया रहता है और तापमान काफी नीचे चला जाता है।
UP Weather Update: शीतलहर और कोहरे का रेड अलर्ट
मौसम विभाग (IMD) के मुताबिक उत्तर प्रदेश के कई जिलों में न्यूनतम तापमान 4 से 6 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया जा रहा है। कई जगहों पर सुबह के समय दृश्यता 20 मीटर से भी कम रह रही है, जिससे सड़क हादसों का खतरा बढ़ गया है। पहाड़ों से आ रही बर्फीली हवाओं के कारण मैदानी इलाकों में ठंड और ज्यादा बढ़ गई है। मौसम विभाग ने अगले कुछ दिनों तक शीतलहर और घने कोहरे को लेकर रेड अलर्ट जारी किया है।
कक्षा 9 से 12 के छात्रों के लिए क्या नियम होंगे?
जहां कक्षा 1 से 8 तक के स्कूल पूरी तरह बंद रहेंगे, वहीं कक्षा 9वीं से 12वीं तक के स्कूल पूरी तरह बंद नहीं किए गए हैं। इन कक्षाओं की पढ़ाई सुबह 10 बजे से दोपहर 3 बजे तक ही कराई जाएगी। बोर्ड परीक्षा को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया गया है। कुछ जिलों में प्रशासन ने ऑनलाइन क्लास का विकल्प भी सुझाया है।
जिलावार स्कूल छुट्टियों की स्थिति
मथुरा और आगरा
लखनऊ और कानपुर
नोएडा और गाजियाबाद (NCR क्षेत्र)
नियम तोड़ने वाले स्कूलों पर होगी कार्रवाई
उत्तर प्रदेश बेसिक शिक्षा विभाग ने साफ कहा है कि कोई भी निजी स्कूल अगर आदेश के बावजूद स्कूल खोलता है या बच्चों को बुलाता है तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अभिभावकों से भी अपील की गई है कि सरकारी आदेश की पुष्टि किए बिना बच्चों को स्कूल न भेजें।
15 जनवरी से क्या बदल सकता है?
अगर मौसम में सुधार होता है, तो 15 जनवरी 2026 से स्कूल दोबारा खोले जा सकते हैं। हालांकि स्कूलों को ये निर्देश दिए गए हैं— कक्षाओं में हीटर या गर्म रखने की व्यवस्था हो, सुबह की प्रार्थना सभा फिलहाल न कराई जाए। बच्चों को खुले मैदान में ज्यादा देर न रखा जाए। इसका मकसद बच्चों को ठंड से बचाना और उनकी सेहत सुरक्षित रखना है।