Edited By Sahil Kumar,Updated: 21 Jan, 2026 08:32 PM

उत्तर भारत में 22 जनवरी से मौसम में बड़ा बदलाव आने वाला है। भारतीय मौसम विभाग के अनुसार, लगातार दो पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होंगे, जिससे पहाड़ी इलाकों में भारी बर्फबारी और मैदानी राज्यों में बारिश व तेज हवाएं चलेंगी। इससे तापमान में गिरावट आएगी और ठंड...
नेशनल डेस्कः उत्तर भारत में मौसम एक बार फिर करवट लेने जा रहा है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के ताजा अपडेट के मुताबिक, लगातार दो पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने जा रहे हैं, जिससे 22 जनवरी से मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल जाएगा। इसका असर पहाड़ी इलाकों से लेकर मैदानी राज्यों तक साफ तौर पर देखने को मिलेगा। मौसम विभाग के अनुसार, पहला तीव्र पश्चिमी विक्षोभ 21 जनवरी की रात से सक्रिय होगा, जिसका प्रभाव 22 जनवरी से शुरू होगा। इसके बाद 26 से 28 जनवरी के बीच दूसरा और अधिक प्रभावी पश्चिमी विक्षोभ पहुंच सकता है, जिससे ठंड और बढ़ने की संभावना है। IMD ने गरज-चमक के साथ तेज हवाओं और बारिश का अलर्ट जारी किया है।
इन राज्यों में बारिश की संभावना
IMD ने अगले दो दिनों के भीतर उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, मध्य प्रदेश, उत्तराखंड और हरियाणा में बारिश की संभावना जताई है। कई इलाकों में गरज-चमक के साथ तेज हवाएं भी चल सकती हैं।
पहाड़ी इलाकों में भारी बर्फबारी का अलर्ट
जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में 22 से 26 जनवरी के बीच व्यापक बारिश और बर्फबारी की संभावना है। 22-23 जनवरी को कश्मीर घाटी में भारी बर्फबारी हो सकती है। 23 जनवरी को हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में तेज हिमपात की आशंका है। इससे गुलमर्ग, मनाली और शिमला जैसे पर्यटन स्थलों पर बर्फ की मोटी चादर बिछ सकती है और शीतलहर तेज हो सकती है। उत्तराखंड के पिथौरागढ़ स्थित कैलाश और केदारनाथ क्षेत्रों में तापमान माइनस 21 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच चुका है। कई स्थानों पर झरने जम गए हैं। मौसम विभाग ने पहाड़ी राज्यों में भारी बर्फबारी को लेकर अलर्ट जारी किया है।
मैदानी इलाकों पर भी असर
पंजाब, हरियाणा, दिल्ली-एनसीआर, उत्तर प्रदेश और राजस्थान के कुछ हिस्सों में 22 से 24 जनवरी के बीच हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इस दौरान 30 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है। 23 जनवरी को दिल्ली में हल्की बारिश के साथ तापमान में गिरावट दर्ज की जा सकती है। न्यूनतम तापमान 6 से 9 डिग्री सेल्सियस के बीच रहने की संभावना है। बिहार में कड़ाके की ठंड के बीच घना कोहरा छाया हुआ है। औरंगाबाद समेत कई जिलों में बादल छाए रहने से दृश्यता कम हो गई है। घने कोहरे के कारण कई ट्रेनें देरी से चल रही हैं।
अचानक बढ़ी गर्मी की वजह
पिछले कुछ दिनों में पश्चिमी विक्षोभ कमजोर पड़ने और आसमान साफ रहने के कारण दिन के तापमान में बढ़ोतरी देखी गई थी। हालांकि, नए मौसम सिस्टम के सक्रिय होते ही ठंड एक बार फिर लौटने वाली है। IMD ने अगले सात दिनों में पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में बूंदाबांदी और मैदानी इलाकों में ठंड व कोहरे की चेतावनी दी है।
दिल्ली में फिर बढ़ेगी सर्दी
मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, बारिश से प्रदूषण में कुछ राहत जरूर मिलेगी, लेकिन इसके बाद उत्तर-पश्चिम से चलने वाली ठंडी हवाएं तापमान में और गिरावट ला सकती हैं। यानी बारिश और बर्फबारी के बाद ठंड का एक और कड़ाका दौर देखने को मिल सकता है, जो पिछले सप्ताह जैसी तीव्रता वाला हो सकता है।