Edited By Anu Malhotra,Updated: 24 Sep, 2026 03:08 PM

ग्रेटर नोएडा में डबल-डेकर बस में लगी आग में झुलसी एक महिला को गुरुवार को इलाज के लिए जेवर के आरोग्यधारा अस्पताल में भर्ती कराया गया। उन्होंने हादसे के बाद की अपनी आपबीती सुनाई। ग्रेटर नोएडा में यमुना एक्सप्रेसवे पर 33 किलोमीटर के माइलस्टोन के पास एक...
ग्रेटर नोएड: ग्रेटर नोएडा में डबल-डेकर बस में लगी आग में झुलसी एक महिला को गुरुवार को इलाज के लिए जेवर के आरोग्यधारा अस्पताल में भर्ती कराया गया। उन्होंने हादसे के बाद की अपनी आपबीती सुनाई। ग्रेटर नोएडा में यमुना एक्सप्रेसवे पर 33 किलोमीटर के माइलस्टोन के पास एक डबल-डेकर बस में भीषण आग लगने से नौ लोगों की मौत हो गई और कई अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। यह डबल-डेकर बस दिल्ली के कश्मीरी गेट से उत्तर प्रदेश के महोबा जा रही थी।
उन्होंने कहा, "मैं हिसार, चंदननगर से अपने पति के साथ महोबा जा रही थी क्योंकि मेरी सास का निधन हो गया था।" जब उनसे उनके पति के बारे में पूछा गया, तो महिला रोने लगी और कहा कि उन्हें नहीं पता कि हादसे के बाद वे अब कहां हैं। उन्होंने कहा, "उनका नाम देवेंद्र है।" अपना अनुभव बताते हुए उन्होंने कहा, "मुझे नहीं पता क्या हुआ, अचानक बस में आग लग गई और लोग घबराकर 'आग, आग' चिल्लाने लगे।" गौतम बुद्ध नगर के अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट अजीत कुमार सिंह ने कहा, "आग शॉर्ट सर्किट के कारण लगी थी।"
उन्होंने बताया, "जैसा कि आप जानते होंगे, यह दुखद हादसा बुधवार रात करीब 11.15 बजे हुआ। शुरुआती जांच से पता चला है कि बस में आग शॉर्ट सर्किट के कारण लगी थी। यह दिल्ली से महोबा जा रही एक AC स्लीपर बस थी। 9 लोगों की मौत हो गई और पीड़ितों में से एक महिला का इलाज आरोग्यधारा अस्पताल में चल रहा है।"
उन्होंने कहा, "कुछ यात्रियों को, जिन्हें मामूली चोटें आई थीं, इलाज के लिए महोबा वापस भेज दिया गया है। कुछ लोग निजी वाहनों से लौटे, जबकि अन्य को विशेष परिवहन की सुविधा दी गई।"
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस दुखद घटना पर शोक व्यक्त किया। केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार दोनों ने मृतकों के परिजनों को 2-2 लाख रुपये और घायलों को 50,000 रुपये का मुआवजा देने की घोषणा की। खबरों के मुताबिक, जब बस में अचानक आग लगी, तो उसमें 30 से ज़्यादा यात्री सवार थे।
अधिकारियों के अनुसार, सूचना मिलने पर सीनियर पुलिस अधिकारी, स्थानीय पुलिस बल और जेवर टोल प्लाज़ा पर तैनात फायर टेंडर मौके पर पहुंचे। चार और फायर टेंडर और एक फायर सर्विस यूनिट तुरंत घटनास्थल पर पहुंची और आग को पूरी तरह बुझा दिया। शुरुआती जांच से पता चलता है कि आग बस के एयर कंडीशनिंग सिस्टम में चिंगारी या धमाके से लगी, जिससे इंजन का लुब्रिकेटिंग ऑयल जलने लगा और आग तेज़ी से फैल गई। ड्राइवर और कंडक्टर को हिरासत में ले लिया गया और संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया।