तेल-गैस के बाद अब पीने के पानी पर संकट, महंगी हो सकती है पानी की बोतलें, जानिए वजह

Edited By Updated: 13 Mar, 2026 04:14 PM

after oil and gas now a crisis looms over drinking water

मिडिल ईस्ट में जारी युद्ध जैसी स्थिति का असर अब दुनिया भर की महंगाई पर साफ दिखने लगा है। तेल और गैस की कीमतों में तेजी के कारण कई देशों की तरह भारत में भी महंगाई का दबाव बढ़ रहा है। पहले जहां एलपीजी गैस सिलेंडर की सप्लाई को लेकर परेशानी सामने आ रही...

बिजनेस डेस्कः मिडिल ईस्ट में जारी युद्ध जैसी स्थिति का असर अब दुनिया भर की महंगाई पर साफ दिखने लगा है। तेल और गैस की कीमतों में तेजी के कारण कई देशों की तरह भारत में भी महंगाई का दबाव बढ़ रहा है। पहले जहां एलपीजी गैस सिलेंडर की सप्लाई को लेकर परेशानी सामने आ रही थी, वहीं अब बोतलबंद पानी की कीमतें बढ़ने की आशंका भी जताई जा रही है।

दरअसल कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों ने कई उद्योगों की लागत बढ़ा दी है। शुक्रवार को भी ब्रेंट क्रूड की कीमत 100 डॉलर प्रति बैरल से ऊपर कारोबार करती नजर आई। महंगे क्रूड का सीधा असर पैकेजिंग और प्लास्टिक उत्पादों पर पड़ रहा है, जिससे बोतलबंद पानी बनाने वाली कंपनियों की लागत तेजी से बढ़ गई है।

गर्मियों की शुरुआत के साथ ही बोतलबंद पानी की मांग तेजी से बढ़ जाती है। इसी समय कंपनियां बड़े पैमाने पर उत्पादन करती हैं लेकिन इस बार कच्चे तेल की ऊंची कीमतों ने उद्योग की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। उनकी लागत बढ़ रही है। भारत में बोतलबंद पानी का कारोबार करीब 5 अरब डॉलर का है और इसमें बड़ी संख्या में छोटे निर्माता भी शामिल हैं।

क्यों महंगी हो रही पानी की बोतल?

उद्योग से जुड़े लोगों के मुताबिक पैकेजिंग में इस्तेमाल होने वाले कई कच्चे माल की कीमतें तेजी से बढ़ गई हैं। प्लास्टिक बोतल बनाने में इस्तेमाल होने वाला पॉलिमर अब करीब 50% महंगा होकर 170 रुपए प्रति किलो तक पहुंच गया है। वहीं बोतल के ढक्कन यानी कैप की कीमत भी बढ़कर करीब 0.45 रुपए प्रति पीस हो गई है। इसके अलावा लेबल, गत्ते के बॉक्स और पैकेजिंग टेप जैसी चीजों की लागत भी बढ़ गई है।

डिस्ट्रीब्यूटर्स के लिए बढ़ गई कीमतें

लागत बढ़ने का असर अब डिस्ट्रीब्यूटर्स और छोटे निर्माताओं पर साफ दिखाई दे रहा है। वितरकों को प्रति बोतल करीब 1 रुपए ज्यादा खर्च करना पड़ रहा है। देश के करीब 2000 छोटे बोतलबंद पानी निर्माताओं ने लागत बढ़ने के कारण पहले ही कीमतों में बढ़ोतरी कर दी है।

हालांकि फिलहाल बड़े ब्रांड जैसे बिस्लेरी, रिलायंस, एक्वाफिना और किनले बढ़ी हुई लागत का बोझ खुद उठा रहे हैं, इसलिए रिटेल कीमतों में बड़ा बदलाव नहीं हुआ है लेकिन उद्योग से जुड़े लोगों का कहना है कि अगर कच्चे तेल की कीमतें ऊंची बनी रहीं तो आने वाले कुछ दिनों में बोतलबंद पानी की कीमतों में 10% तक बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है। इसका मतलब है कि आने वाले दिनों में गर्मी के मौसम में आपको पानी की बोतल खरीदने के लिए पहले से ज्यादा पैसे खर्च करने पड़ सकते हैं।

Trending Topics

img title
img title

Be on the top of everything happening around the world.

Try Premium Service.

Subscribe Now!