Edited By Sarita Thapa,Updated: 05 Mar, 2026 01:16 PM

चारधाम यात्रा के दौरान हेलीकॉप्टर सेवाओं को लेकर एक बड़ा वित्तीय विवाद सामने आया है। बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति ने उन एविएशन कंपनियों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है जिन्होंने श्रद्धालुओं को विशेष दर्शन कराने के बदले लिया जाने वाला शुल्क अभी तक जमा नहीं...
Char Dham Yatra Special Darshan Controversy : चारधाम यात्रा के दौरान हेलीकॉप्टर सेवाओं को लेकर एक बड़ा वित्तीय विवाद सामने आया है। बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति ने उन एविएशन कंपनियों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया है जिन्होंने श्रद्धालुओं को विशेष दर्शन कराने के बदले लिया जाने वाला शुल्क अभी तक जमा नहीं किया है।
क्या है पूरा मामला ?
हेलीकॉप्टर से आने वाले श्रद्धालुओं को मंदिर समिति की ओर से विशेष दर्शन की सुविधा दी जाती है। इसके लिए मंदिर समिति प्रत्येक श्रद्धालु के हिसाब से एविएशन कंपनियों से एक निश्चित शुल्क लेती है। साल 2019 से लेकर 2025 तक का यह बकाया बढ़कर अब ₹3 करोड़ से अधिक हो गया है। मंदिर समिति ने अपना काम पूरा किया और भक्तों को सुगम दर्शन कराए, लेकिन कई चार्टर्ड और रूटीन हेली कंपनियों ने यह राशि समिति के खाते में जमा नहीं की।
BKTC का सख्त एक्शन: लीगल नोटिस और ब्याज
मंदिर समिति के अध्यक्ष अजेंद्र अजय ने इस मामले पर कड़ा संज्ञान लिया है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि सभी डिफॉल्टर कंपनियों को 15 दिनों के भीतर लीगल नोटिस भेजा जाए। समिति ने साफ कर दिया है कि अब केवल मूल राशि नहीं, बल्कि नियमों के अनुसार उस पर लगने वाले ब्याज की भी वसूली की जाएगी। यदि कंपनियां नोटिस का जवाब नहीं देतीं या भुगतान में देरी करती हैं, तो उनके खिलाफ धोखाधड़ी की FIR भी दर्ज कराई जा सकती है।
डिफॉल्टर कंपनियों की लिस्ट तैयार
समिति ने उन सभी कंपनियों का कच्चा चिट्ठा तैयार कर लिया है जिन पर बकाया है। इनमें कई नामी एविएशन कंपनियां शामिल हैं। कुछ प्रमुख बकाया इस प्रकार बताए जा रहे हैं। सबसे अधिक बकाया लगभग ₹23 लाख से ज्यादा। शिवभोले एविएशन (₹27 लाख), हिमालयन एविएशन (₹20 लाख), हेरिटेज और पिल्ग्रिमेज एविएशन जैसी कई कंपनियों पर भी लाखों का भुगतान लंबित है।
आगामी यात्रा पर प्रभाव
2026 की चारधाम यात्रा से पहले यह विवाद कंपनियों के लिए मुश्किल खड़ी कर सकता है। प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि जो कंपनियां पिछला बकाया साफ नहीं करेंगी, उन्हें इस सीजन में संचालन की अनुमति मिलने में दिक्कत आ सकती है।
भक्तों के लिए जरूरी जानकारी
अगर आप इस साल हेलीकॉप्टर से चारधाम यात्रा की योजना बना रहे हैं, तो केवल आधिकारिक वेबसाइट के जरिए ही बुकिंग करें। विशेष दर्शन की रसीद हमेशा मंदिर समिति के काउंटर या अधिकृत पोर्टल से ही प्राप्त करें ताकि आपके साथ कोई धोखाधड़ी न हो।
शास्त्रों की बात, जानें धर्म के साथ