Edited By Sarita Thapa,Updated: 24 Jan, 2026 10:34 AM

कटरा और भवन क्षेत्र में हुई जोरदार बर्फबारी की वजह से सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने यात्रा पर कुछ घंटों के लिए रोक लगा दी थी। माता के भवन और अर्धकुंवारी के रास्तों पर भारी बर्फ जमने और फिसलन बढ़ जाने के कारण तीर्थयात्रियों की सुरक्षा का...
Mata Vaishno Devi Mandir news : कटरा और भवन क्षेत्र में हुई जोरदार बर्फबारी की वजह से सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने यात्रा पर कुछ घंटों के लिए रोक लगा दी थी। माता के भवन और अर्धकुंवारी के रास्तों पर भारी बर्फ जमने और फिसलन बढ़ जाने के कारण तीर्थयात्रियों की सुरक्षा का जोखिम बढ़ गया था। विजिबिलिटी कम होने और कड़ाके की ठंड को देखते हुए यात्रा को करीब 8 घंटे तक थामना पड़ा।
जैसे ही मौसम में थोड़ा सुधार हुआ, श्राइन बोर्ड के कर्मचारियों ने मशीनों और मजदूरों की मदद से मुख्य मार्ग और सीढ़ियों से बर्फ हटाने का काम शुरू किया। रास्ता साफ होते ही श्रद्धालुओं को फिर से आगे बढ़ने की अनुमति दे दी गई। यात्रा रुकने के कारण कटरा और बेस कैंप में हजारों श्रद्धालु फंसे हुए थे, लेकिन जैसे ही यात्रा फिर से शुरू होने की घोषणा हुई, पूरा इलाका जय माता दी के जयकारों से गूंज उठा।
भक्तों के लिए गाइडलाइन
भवन पर तापमान शून्य से नीचे जा रहा है, इसलिए भारी ऊनी कपड़े, दस्ताने और टोपी जरूर साथ ले जाएं। मौसम की स्थिति के आधार पर हेलीकॉप्टर और रोपवे सेवा को बीच-बीच में रोका जा सकता है। यात्रा शुरू करने से पहले स्थानीय काउंटर पर जानकारी जरूर लें। बर्फबारी के बाद रास्तों पर फिसलन बढ़ जाती है, इसलिए आरामदायक और ग्रिप वाले जूते पहनकर ही चढ़ाई करें।
फिर बिगड़ सकता है मौसम
वैष्णो देवी और अन्य पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा करने वालों के लिए मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है। ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक, मौसम का मिजाज एक बार फिर बिगड़ने वाला है। मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि 26 जनवरी की रात से हवाओं का रुख बदलेगा और आसमान में बादल छाने लगेंगे। 27 जनवरी तक कई पहाड़ी इलाकों में हल्की से मध्यम दर्जे की बारिश हो सकती है। वहीं, ऊंचाई वाले क्षेत्रों में बर्फ गिरने की पूरी संभावना है। विभाग ने विशेष रूप से ऊंचे पहाड़ों पर भारी बर्फबारी की आशंका जताई है, जिससे रास्तों और यातायात पर असर पड़ सकता है।
शास्त्रों की बात, जानें धर्म के साथ