Edited By Sarita Thapa,Updated: 11 Jan, 2026 02:09 PM

वास्तु शास्त्र में रंगों का चयन केवल सजावट के लिए नहीं, बल्कि घर में सकारात्मक ऊर्जा के प्रवाह को नियंत्रित करने के लिए किया जाता है। नीले और काले रंग को लेकर अक्सर लोगों के मन में दुविधा रहती है।
Vastu Tips : वास्तु शास्त्र में रंगों का चयन केवल सजावट के लिए नहीं, बल्कि घर में सकारात्मक ऊर्जा के प्रवाह को नियंत्रित करने के लिए किया जाता है। नीले और काले रंग को लेकर अक्सर लोगों के मन में दुविधा रहती है। जहां कुछ लोग इन्हें अशुभ मानते हैं, वहीं वास्तु विज्ञान इन्हें अवसर और संतुलन का अद्भुत मेल मानता है। तो आइए जानते वास्तु शास्त्र में काले रंग को अशुभ या वरदान क्या माना जाता है।
नीला और काला रंग: क्या वाकई ये अशुभ हैं या किस्मत बदलने वाले ?
अक्सर वास्तु की सामान्य चर्चाओं में गहरे नीले और काले रंग से बचने की सलाह दी जाती है, लेकिन इसके पीछे के वास्तविक विज्ञान को समझना जरूरी है। वास्तु के अनुसार, ब्रह्मांड के पांच तत्वों में से जल तत्व का प्रतिनिधित्व नीला और काला रंग करते हैं।
अवसर और करियर का कारक: नीला रंग
वास्तु शास्त्र में उत्तर दिशा को कुबेर और अवसरों की दिशा माना जाता है। इस दिशा का मुख्य तत्व जल है। यदि आपके करियर में ग्रोथ रुक गई है या नए अवसर नहीं मिल रहे, तो उत्तर दिशा में नीले रंग का हल्का प्रयोग आपके लिए बंद दरवाजे खोल सकता है। यह मन को शांति देता है और एकाग्रता बढ़ाता है। नीले रंग का बहुत अधिक प्रयोग डिप्रेशन या मन में उदासी भी पैदा कर सकता है, इसलिए इसे केवल संतुलित मात्रा में उपयोग करें।

संतुलन और गहराई का प्रतीक: काला रंग
काला रंग अक्सर नकारात्मकता से जोड़ा जाता है, लेकिन वास्तु में यह गहराई और ठहराव का प्रतीक है। कई बार घर के मुख्य द्वार के पास काले रंग का छोटा प्रयोग बुरी नजर और बाहरी नकारात्मक ऊर्जा को सोखने के लिए किया जाता है। यदि आपके जीवन में बहुत अधिक अस्थिरता है, तो काले रंग का सही दिशा (जैसे उत्तर या कुछ हद तक पश्चिम) में सीमित प्रयोग आपको मानसिक मजबूती और संतुलन प्रदान करता है।
अशुभ क्यों माना जाता है?
वास्तु में किसी रंग को बुरा नहीं कहा गया है, बल्कि उसका गलत दिशा में होना उसे अशुभ बनाता है। यदि आप रसोई या दक्षिण-पूर्व दिशा में इन रंगों का प्रयोग करते हैं, तो यह अग्नि और जल का टकराव पैदा करता है। इससे धन की हानि, दुर्घटनाएं और स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं हो सकती हैं। इसीलिए इसे 'अशुभ' की श्रेणी में डाल दिया जाता है। बेडरूम की दीवारों पर गहरा काला रंग पति-पत्नी के बीच तनाव और रहस्यमयी दूरियां पैदा कर सकता है।

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