Edited By Pardeep,Updated: 12 Oct, 2025 05:12 AM

फ़िलिस्तीनी संगठन हमास ने मिस्र में प्रस्तावित गाजा शांति समझौते के आधिकारिक हस्ताक्षर कार्यक्रम में भाग लेने से इन्कार कर दिया। संगठन ने कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की योजना के कुछ हिस्सों पर उनके मतभेद हैं, जिससे लंबे समय से प्रतीक्षित...
इंटरनेशनल डेस्कः फिलिस्तीनी संगठनहमास ने मिस्र में प्रस्तावित गाजा शांति समझौते के आधिकारिक हस्ताक्षर कार्यक्रम में भाग लेने से इन्कार कर दिया। संगठन ने कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की योजना के कुछ हिस्सों पर उनके मतभेद हैं, जिससे लंबे समय से प्रतीक्षित समझौते का भविष्य अधर में लटक गया है।
हमास का रुख समाचार एजेंसी एएफपी के मुताबिक, हमास नेताओं ने ट्रंप के उस सुझाव को बेतुका बताया, जिसमें कहा गया था कि शांति योजना के तहत हमास के सदस्य गाजा पट्टी छोड़ दें। हमास के राजनीतिक ब्यूरो के सदस्य होसम बदरान ने संवाददाताओं से कहा, "फिलिस्तीनियों को, चाहे वे हमास के सदस्य हों या न हों, उनकी जमीन से निकालने की बात पूरी तरह बेतुकी और बकवास है।" उन्होंने यह भी कहा कि योजना के दूसरे चरण पर बातचीत मुश्किल होगी, क्योंकि इसमें कई जटिलताएं और कठिनाइयां हैं।
हथियार डालने की शर्त और राजनीतिक बाधाएं
हमास के एक वरिष्ठ अधिकारी ने संकेत दिया कि अभी भी कई राजनीतिक बाधाएं हैं। उन्होंने कहा कि हमास का हथियार डालना योजना की एक प्रमुख शर्त है, जो कि संभव नहीं है, भले ही हमास गाजा की सरकार से अलग हो जाए।
ट्रंप की मध्य-पूर्व यात्रा से पहले तनाव
यह टिप्पणी अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की अगले दो दिनों में होने वाली मिडिल ईस्ट यात्रा से पहले आई है। हमास ने स्पष्ट किया कि वे किसी भी ऐसे प्रस्ताव का हिस्सा नहीं बनेंगे जो उनके नेताओं और सदस्यों की सुरक्षा और अधिकारों का उल्लंघन करे।
इज़राइल की कार्रवाई और युद्धविराम
टाइम्स ऑफ इजरायल की रिपोर्ट के अनुसार, हमास ने योजना के तहत अपने सदस्यों के गाजा पट्टी छोड़ने की बात को खारिज कर दिया। वहीं, समझौते का एक हिस्सा शुक्रवार को लागू हुआ, जब इज़राइल ने युद्धविराम पर सहमति जताई और गाजा के कुछ हिस्सों से अपनी सेना वापस बुला ली।
इसके बाद, विस्थापित परिवार जो इजरायली बमबारी से प्रभावित हुए थे, वे धीरे-धीरे अपने घर लौटने लगे। युद्धविराम लागू होते ही शनिवार को हजारों फ़िलिस्तीनी गाजा तट के साथ उत्तर की ओर बढ़े, पैदल, कार और अन्य वाहनों से।
हमास-इज़राइल संघर्ष का असर
इजराइल और हमास के बीच हाल के संघर्ष में हजारों लोग मारे गए और गाजा का अधिकांश हिस्सा बर्बाद हो गया। यह संघर्ष क्षेत्रीय स्थिरता के लिए गंभीर खतरा बना हुआ है। विशेषज्ञों का कहना है कि यदि दोनों पक्ष वार्ता में सहमति नहीं बनाते, तो भविष्य में और बड़े संघर्ष की संभावना बनी हुई है।